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हम हिंदू-वह मुस्लिम… पिता ने कई बार किया आगाह, फिर भी परिवार को ठुकरा श्रद्धा ने आफताब को चुना: जानिए कैसे खुला मामला

श्रद्धा के भाई जय को उसके दोस्त लक्ष्मण ने 2 महीने से श्रद्धा से सम्पर्क न होने की जानकारी दी। श्रद्धा का फोन भी बंद आ रहा था। श्रद्धा के पिता ने सबसे पहले महाराष्ट्र में कंप्लेन की। फिर मामला दिल्ली ट्रांसफर हुआ।

दलित श्रद्धा वाकर की हत्या का खुलासा 8 नवंबर 2022 को उसके पिता द्वारा दिल्ली के महरौली थाने में FIR दर्ज करवाने के बाद हुई। शिकायत में श्रद्धा के पिता ने बताया है कि उन्होंने बेटी को खुद के हिन्दू होने की दुहाई दी थी। उसे गैर मजहब के लड़के से रिश्ता न रखने की सलाह दी थी। लेकिन, श्रद्धा ने खुद को बालिग बता परिवार को छोड़ आफताब को चुन लिया।

श्रद्धा के पिता विकास मदन वालकर ने शिकायत में बताया है कि वे मूल रूप से महाराष्ट्र के पालघर के रहने वाले हैं। श्रद्धा की माँ का निधन 23 जनवरी 2020 को हो गया था। श्रद्धा और आफताब की मुलाकात मुंबई के शिशी कॉल सेंटर में हुई थी। साल 2019 में श्रद्धा ने अपने परिवार को बताया कि वह आफताब पूनावाला के साथ लिव इन रिलेशनशिप में है। इसका श्रद्धा के पिता ने विरोध किया।

शिकायत में श्रद्धा के पिता ने कहा है कि वे हिन्दू हैं और कोली जाति से आते हैं। उन्होंने आफताब के मुस्लिम होने और अंतरधार्मिक विवाह न करने की श्रद्धा को सलाह दी। तब श्रद्धा ने अपने पिता के सलाह को सिरे से खरिज करते हुए खुद के बालिग होने और अपने फैसले लेने में सक्षम होने की बात कही। श्रद्धा की दिवंगत माँ ने भी अपनी बेटी को समझाने की बहुत कोशिश की। लेकिन वह अपना घर छोड़ कर आफताब के साथ रहने मुंबई चली गई।

शिकायत में विकास मदन वालकर ने बताया है कि पत्नी की मौत के बाद उनकी श्रद्धा से एक-दो बार बात हुई। इस दौरान उन्होंने बेटी को घर लौट आने की सलाह दी। लेकिन श्रद्धा नहीं मानी। श्रद्धा के पिता बेटी के इस रवैए से नाराज थे और काफी कम बात होती थी। इस दौरान श्रद्धा अपनी दोस्त शिवानी और एक अन्य दोस्त लक्ष्मण से बात किया करती थी। इन्ही दोस्तों से श्रद्धा के पिता को बाद में जानकारी हुई कि आफताब आए दिन श्रद्धा को मारता-पीटता था।

शिकायत में बताया गया है कि 14 सितम्बर 2022 को श्रद्धा के भाई जय को उसके दोस्त लक्ष्मण ने 2 महीने से श्रद्धा से सम्पर्क न होने की जानकारी दी। श्रद्धा का फोन भी बंद आ रहा था। श्रद्धा के पिता ने सबसे पहले महाराष्ट्र के मानिकपुर में अपनी बेटी की गुमशुदगी रिपोर्ट दर्ज करवाई। यह रिपोर्ट महाराष्ट्र पुलिस ने दिल्ली के महरौली थाना ट्रांसफर कर दी। महाराष्ट्र में सचिन नाम के पुलिस अधिकारी ने श्रद्धा के पिता को उनकी बेटी के दिल्ली छतरपुर इलाके में आफताब के साथ रहने की जानकारी दे दी थी।

शिकायत में श्रद्धा के पिता ने कहा है कि उनकी बेटी और आफताब के रिश्ते खराब रहते थे। ऑपइंडिया के पास शिकायत कॉपी मौजूद है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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