Monday, April 15, 2024
Homeदेश-समाजनिर्दोषों को नहीं छुएँगे, लेकिन हिंसा में शामिल 'दंगाइयों' को नहीं छोड़ेंगे: UP DGP

निर्दोषों को नहीं छुएँगे, लेकिन हिंसा में शामिल ‘दंगाइयों’ को नहीं छोड़ेंगे: UP DGP

"हम निर्दोषों को नहीं छू रहे हैं, लेकिन हम ऐसे लोगों को नहीं छोड़ेंगे जो हिंसा में शामिल थे। यही कारण है हमने कई संगठनों के सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है, चाहे वह पीएफआई हो या कोई अन्य राजनीतिक दल।"

नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में हुई हिंसा के बाद अब उत्तर प्रदेश पुलिस शुक्रवार को हाई अलर्ट पर है। उत्तर प्रदेश पुलिस के महानिदेशक ओपी सिंह पुलिस मुख्यालय से हर जिले के माहौल की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। और इसी बीच उन्होंने उपद्रवियों को अल्टीमेटम देने के साथ ही निर्दोषों को आश्वासन दिया है कि वो उन्हें छुएँगे भी नहीं।

गौरतलब है कि बीते कुछ हफ्तों के हालात देखकर आज शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद उत्तरप्रदेश में विरोध प्रदर्शन की आशंका जताई जा रही थी। जिसके मद्देनजर पुलिस ने वहाँ की सुरक्षा बढ़ा दी। साथ ही प्रदेश के 21 जिलों में इंटरनेट को बंद कर दिया गया। पुलिस महानिदेशक ने कहा कि राज्य में कानून व्यवस्था बनी हुई है।

डीजीपी ओपी सिंह ने मीडिया से बातचीत में कहा, “हम निर्दोषों को नहीं छू रहे हैं, लेकिन हम ऐसे लोगों को नहीं छोड़ेंगे जो हिंसा में शामिल थे। यही कारण है हमने कई संगठनों के सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है, चाहे वह पीएफआई हो या कोई अन्य राजनीतिक दल।”

डीजीपी ओपी सिंह ने प्रदेश में हिंसा के दौरान पुलिस की स्थिति बयान करते हुए बताया, “हिंसा के दौरान हमने पत्थर खाए। हमारे 263 पुलिसकर्मी घायल हैं। कानपुर में हमारे जवान पर पेट्रोल बम फेंका गया, जिसमें उसका सिर फट गया है। जो भी आरोप लग रहे हैं, उसकी जाँच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है। स्थानीय प्रशासन को मिल रही शिकायतों को गंभीरता से लिया जा रहा है। निर्दोष लोगों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होगी। वहीं दोषी बख्शे नहीं जाएँगे।”

इसके अलावा बता दें उत्तर प्रदेश प्रशासन सक्रियता से उन लोगों की पहचान करने में प्रयासरत है, जिन्होंने प्रदेश में हिंसा को भड़काया। साथ ही हिंसा में कई सरकारी और निजी संपत्तियों को नुकसान पहुँचाया। यूपी पुलिस उपद्रवियों की पहचान कर उनसे नुकसान की भरपाई करने में जुटी है। इसको लेकर ओपी सिंह ने कहा, “किसी भी सरकारी चीज में जनता का पैसा लगा होता है। करदाताओं के पैसे से खरीदी गई चीज के नुकसान की भरपाई के लिए अब आरोपियों से वसूली की जाएगी। इसकी प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। जिसको लोगों ने भी सराहा है।”

प्राप्त जानकारी के अनुसार उपद्रवियों को पकड़ने के लिए प्रदेश के हिंसाग्रस्त जिलों की पुलिस ने ट्विटर से लेकर चौक चौराहों तक पर दंगाईयों की तस्वीरों को टांग दिया है। पहचान बताने वालों को इनाम देने का ऐलान है। साथ ही जिनकी पहचान हो चुकी है उनके घरों पर नोटिस भेजा जाने लगा है। नोटिस में यह पूछा जा रहा है कि आप हिंसक प्रदर्शन में शामिल थे, उपद्रव और तोड़फोड़ में आप पहचाने गए हैं क्यों ना आपके खिलाफ कार्रवाई की जाए?

Special coverage by OpIndia on Ram Mandir in Ayodhya

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मोदी की गारंटी’ भी होगी पूरी: 2014 और 2019 में किए इन 10 बड़े वादों को मोदी सरकार ने किया पूरा, पढ़ें- क्यों जनता...

राम मंदिर के निर्माण और अनुच्छेद 370 को निरस्त करने से लेकर नागरिकता संशोधन अधिनियम को अधिसूचित करने तक, भाजपा सरकार को विपक्ष के लगातार कीचड़ उछालने के कारण पथरीली राह पर चलना पड़ा।

‘वित्त मंत्री रहते RBI पर दबाव बनाते थे P चिदंबरम, सरकार के लिए माहौल बनाने को कहते थे’: बैंक के पूर्व गवर्नर ने खोली...

आरबीआई के पूर्व गवर्नर पी सुब्बाराव का दावा है कि यूपीए सरकारों में वित्त मंत्री रहे प्रणब मुखर्जी और पी चिदंबरम रिजर्व बैंक पर दबाव डालते थे कि वो सरकार के पक्ष में माहौल बनाने वाले आँकड़ें जारी करे।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
282,677FollowersFollow
417,000SubscribersSubscribe