प्रसिद्ध गायक और असम के सांस्कृतिक प्रतीक जुबीन गर्ग की सिंगापुर में हुई संदिग्ध मौत के मामले में मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने बड़ा बयान दिया है। उनका कहना है कि जुबीन की हत्या की गई है, हालाँकि जाँच अभी जारी है। पुलिस ने इस मामले में 7 लोगों को गिरफ्तार किया है। सिंगापुर पुलिस भी इस मामले की स्वतंत्र जाँच कर रही है।
सीएम सरमा ने कहा, “मैं इस घटना को हादसा नहीं मानता। जुबीन गर्ग की हत्या के मामले में चार्जशीट 17 दिसंबर तक दाखिल की जानी है, लेकिन मैंने अधिकारियों को 8 दिसंबर तक इसे तैयार करने का निर्देश दिया है। हम अब पूरी तरह तैयार हैं।”
हालाँकि सीएम सरमा ने इससे जुड़ा कोई जानकारी या सबूत नहीं दिए, जिससे पता चले की ये घटना हादसा नहीं हत्या थी। उन्होंने गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात भी की। उनका कहना है कि जब कोई घटना विदेश में घटती है, तो गृहमंत्रालय की अनुमति जाँच के लिए जरूरी होती है।
उन्होंने कहा कि एसआईटी अगले 3 से 4 दिनों में गृह मंत्रालय को पत्र भेज कर जरूरी अनुमति ले लेगी। इसके बाद आरोप पत्र दाखिल किए जाएँगे। पुलिस ने इस मामले में जुबीन के रिश्तेदार और असम पुलिस के डीएसपी संदीपन गर्ग को भी गिरफ्तार किया है।
इसके अलावा सिंगापुर के कार्यक्रम के आयोजक श्यामकनु महंत, जुबीन के मैनेजर सिद्धार्थ शर्मा और गायक के बैंड के सदस्यों शेखर ज्योति और अमृत प्रभा महंत को गिरफ्तार किया है। इसके अलावा जुबीन के पीएसओ नंदेश्वर बोरा और प्रबीर वैश्य को खातों में बड़ी रकम की लेन-देन को लेकर गिरफ्तार किया गया है। जाँच के दौरान सामने आया था कि जुबीन के बैंक खातों से करीब 1.1 करोड़ रुपए का लेन-देन कुछ दिनों में हुआ था।
असम के रहने वाले जुबीन गर्ग का 19 सितंबर 2025 को सिंगापुर में स्कूबा डाइविंग करते समय मौत हो गई थी। वह 20-21 सितंबर को होने वाले कॉन्सर्ट में हिस्सा लेने के लिए पहुँचे थे। मगर एक दिन पहले स्कूबा डाइविंग के दौरान उनकी मौत हो गई।

