कॉन्ग्रेस पार्टी के अंदर एक बड़ा विवाद सामने आया है, जहाँ तमिलनाडु महिला कॉन्ग्रेस की अध्यक्ष एम हजीना सैयद ने पार्टी से इस्तीफा देने के बाद शीर्ष नेताओं पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पार्टी की ओर से उन्हें ‘एंटी-पार्टी गतिविधियों’ के आरोप में निष्कासित भी कर दिया गया, लेकिन सैयद का कहना है कि वह पहले ही इस्तीफा दे चुकी थीं। उन्होंने कथित तौर पर अल्का लांबा को केसी वेणुगोपाल की गर्लफ्रेंड करार दिया।
निष्कासन से पहले इस्तीफे का दावा, आदेश पर उठाए सवाल
ऑल इंडिया महिला कॉन्ग्रेस की अध्यक्ष अल्का लांबा ने शुक्रवार (10 अप्रैल 2026) को एक आधिकारिक पत्र जारी कर हजीना सैयद को तत्काल प्रभाव से पार्टी से निकालने की घोषणा की। पत्र में कहा गया कि यह निर्णय संगठन की अनुशासन और अखंडता बनाए रखने के लिए लिया गया है।

हालाँकि सैयद ने इस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्होंने उसी दिन दोपहर 1 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहले ही अपना इस्तीफा दे दिया था। ऐसे में निष्कासन का कोई औचित्य नहीं बनता। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर सीधे अल्का लांबा को टैग करते हुए इस कदम को गलत बताया।
अल्का लांबा पर लगाए गंभीर आरोप, सोशल मीडिया पर निकाली भड़ास
हजीना सैयद ने अपने पोस्ट और ईमेल में आल्का लांबा पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने आरोप लगाया कि लांबा महिला कॉन्ग्रेस के पदाधिकारियों को सदस्यता के नाम पर परेशान करती हैं और पैसे का दुरुपयोग करती हैं। सैयद ने यहाँ तक कहा कि संगठन के फंड्स का सही ऑडिट नहीं होता और इसका इस्तेमाल निजी विलासिता के लिए किया जा रहा है। यही नहीं, अपने पोस्ट में और अल्का को लिखे मेल में उन्होंने अल्का लाँबा को कथित तौर पर केसी वेणुगोपाल की गर्लफ्रेंड करार दिया है।
@LambaAlka what kind of a saddist you are, you dont help any of us in mahila congress but harass us in the name of membership and loot money and enjoy your life, do you have any common sense i have been humiliated i have resigned officially in front of media in a press meet at… pic.twitter.com/BlxPovXNJ3
— M. Hazeena Syed (@SyedHazeena) April 10, 2026
उन्होंने अपने ईमेल में यह भी लिखा कि अगर उत्पीड़न बंद नहीं हुआ तो वह लांबा और अन्य के खिलाफ FIR दर्ज कराएँगी। सैयद का दावा है कि उनके पास गैरकानूनी लेन-देन और सदस्यता घोटाले के सबूत मौजूद हैं। उन्होंने लांबा के पिछले राजनीतिक संबंधों पर भी सवाल उठाए।
इस्तीफा पत्र में भी लगाए आरोप, पार्टी नेतृत्व पर उठाए सवाल
हजीना सैयद ने गुरुवार (9 अप्रैल 2026) को लिखे अपने इस्तीफा पत्र में भी पार्टी नेतृत्व पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि उनके साथ अन्याय हुआ है और उनकी गरिमा तथा आत्मसम्मान को ठेस पहुँची है। उन्होंने कॉन्ग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का भी जिक्र करते हुए कहा कि उनकी अपील पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
सैयद ने तमिलनाडु कॉन्ग्रेस अध्यक्ष पर भी आरोप लगाया कि उन्होंने निजी हितों के चलते उनका विधानसभा टिकट काट दिया। उन्होंने कहा कि पार्टी में भ्रष्ट व्यवस्था को समर्थन मिल रहा है, जिससे सच्चे कार्यकर्ताओं को नुकसान हो रहा है।

