प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने असम के सेवानिवृत्त IPS अधिकारी प्रशांत कुमार दत्ता, उनके परिवार और उनसे जुड़ी कंपनियों के खिलाफ भ्रष्टाचार और धन शोधन मामले में बड़ी कार्रवाई की है। ED ने दत्ता की करीब 53.28 करोड़ रुपए मूल्य की अचल संपत्तियों को अस्थायी रूप से कुर्क किया है।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), गुवाहाटी आंचलिक कार्यालय ने भारतीय पुलिस सेवा के सेवानिवृत्त अधिकारी प्रशांत कुमार दत्ता, उनके परिवार के सदस्यों तथा समूह कंपनियों से संबंधित, वर्ष 1992 से 2019 की अवधि के दौरान उनकी ज्ञात आय के स्रोतों की तुलना में "होटल भार्गव", पलटन बाजार, गुवाहाटी;… pic.twitter.com/mkwbRWehOO
— ED (@dir_ed) June 29, 2026
यह कार्रवाई धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के तहत की गई है। ED के अनुसार, जाँच का आधार आय से अधिक संपत्ति से जुड़ा मामला है, जिसकी शुरुआत असम पुलिस की विजिलेंस एवं भ्रष्टाचार निरोधक शाखा की जाँच से हुई थी।
एजेंसी का आरोप है कि वर्ष 1992 से 2019 के बीच दत्ता और उनके परिवार ने घोषित आय के मुकाबले कहीं अधिक मूल्य की संपत्तियां अर्जित कीं। जाँच में सामने आया कि आधिकारिक आय और खर्च के आँकड़ों के बावजूद बड़ी मात्रा में ऐसी संपत्तियाँ बनाई गईं जिनके स्रोत पर सवाल उठे।
कुर्क की गई संपत्तियों में गुवाहाटी स्थित होटल भार्गव समूह के कई होटल और मुंबई के अंधेरी (पश्चिम) इलाके में स्थित दो आवासीय फ्लैट शामिल हैं। ED का दावा है कि अवैध धन को निजी कंपनियों और वित्तीय लेनदेन की कई परतों के जरिए वैध रूप देने की कोशिश की गई।
जाँच एजेंसी ने कुछ कंपनियों के संचालन और उनके पंजीकृत पतों को भी संदेह के दायरे में बताया है। ED ने यह भी आरोप लगाया है कि जाँच शुरू होने के बाद कंपनी शेयर संरचना में बदलाव किए गए। फिलहाल मामले में आगे की जाँच जारी है।

