अगर आप भी सोशल मीडिया पर चमकती त्वचा के ऊँचे-ऊँचे दावों और विज्ञापनों को देखकर कोई भी कॉस्मेटिक प्रोडक्ट इस्तेमाल कर रहे हैं, तो तुरंत संभल जाइए। महाराष्ट्र के खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) ने एक बड़ा कदम उठाते हुए तीन कॉस्मेटिक उत्पादों को ‘मानक गुणवत्ता के नहीं’ यानी घटिया क्वालिटी (NSQ) घोषित कर दिया है। विभाग ने आम जनता की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए इन ब्यूटी प्रोडक्ट्स के उपयोग, बिक्री और वितरण पर तत्काल प्रभाव से पूरी तरह रोक लगाने की कड़ी सलाह जारी की है।
एफडीए की ओर से जारी जनसूचना के अनुसार, सरकारी प्रयोगशाला में कड़े परीक्षण के बाद ‘गोरी ब्यूटी क्रीम’, ‘फेस फ्रेश गोल्ड (ब्यूटी क्रीम + ब्यूटी सीरम)’ और ‘गोल्डन स्टार ब्यूटी क्रीम’ को मानकों के खिलाफ पाया गया है। लैब जाँच में इन ब्यूटी प्रोडक्ट्स के अंदर पारा (मरकरी) और सीसा (लेड) जैसी अत्यंत जहरीली भारी धातुओं की मात्रा तय सीमा से कई गुना ज्यादा पाई गई है, जो इंसानी स्वास्थ्य के लिए गंभीर रूप से नुकसानदेह है।
इस पूरे मामले में सबसे चौंकाने वाला खुलासा ‘गोरी ब्यूटी क्रीम‘ को लेकर हुआ है, जो पाकिस्तान का प्रोडक्ट है। मुंबई पुलिस ने कुछ दिनों पहले ही चेंबूर के एक दुकानदार के खिलाफ इस सिलसिले में आपराधिक मामला दर्ज किया था। उस दुकानदार पर आरोप था कि उसने पाकिस्तान से आयात पर भारत सरकार द्वारा लगाए गए कड़े प्रतिबंधों के बावजूद चोरी-छिपे इस ‘गोरी क्रीम’ का बड़ा स्टॉक जमा कर रखा था और उसे धड़ल्ले से बाजार में बेच रहा था।
जाँच में यह भी सामने आया कि इन तीनों सौंदर्य उत्पादों पर निर्माता का नाम, पता, बैच नंबर, निर्माण तिथि और एक्सपायरी डेट जैसी अनिवार्य जानकारियाँ भी गायब थीं। जनस्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों ने कहा, “ऐसे कॉस्मेटिक उत्पादों का इस्तेमाल त्वचा और स्वास्थ्य पर गंभीर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। लंबे समय तक इनके संपर्क में रहने से त्वचा, किडनी और इंसानी नर्वस सिस्टम को भारी नुकसान पहुँच सकता है।” इसी वजह से नागरिकों से इनकी खरीद और इस्तेमाल को तुरंत बंद करने की अपील की गई है।
कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए एफडीए ने सभी खुदरा और थोक विक्रेताओं, वितरकों सहित ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म को निर्देश दिया है कि वे इन उत्पादों की बिक्री, भंडारण और प्रदर्शन तत्काल प्रभाव से रोक दें। जिन स्टॉकिस्टों के पास भी इनका स्टॉक मौजूद है, उन्हें इसकी जानकारी संबंधित एफडीए कार्यालय को देने और बाजार में भेजे गए सभी उत्पादों को वापस मँगाने (मार्केट रिकॉल) की प्रक्रिया तुरंत शुरू करने का आदेश दिया गया है।
इस संबंध में किसी भी प्रकार की लापरवाही बरतने पर नियमानुसार सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उन्हें कहीं भी इन प्रतिबंधित क्रीम की बिक्री या उपलब्धता दिखाई दे, तो वे तत्काल इसकी सूचना विभाग के टोल-फ्री नंबर 1800-222-365 पर दर्ज कराएँ।

