फर्जी सिग्नेचर केस में ममता बनर्जी के घर पहुँची CID की टीम, अभिषेक बनर्जी को नोटिस थमाने पहुँचे 17 अधिकारी: कोलकाता के कालीघाट में काफी देर चला हंगामा

पश्चिम बंगाल की राजनीति में उस समय भारी ड्रामा देखने को मिला जब राज्य आपराधिक जाँच विभाग (सीआईडी) की एक बड़ी टीम पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के हरीश चटर्जी स्ट्रीट स्थित कालीघाट आवास और ठीक सामने मौजूद तृणमूल कॉन्ग्रेस (टीएमसी) के केंद्रीय पार्टी कार्यालय पहुँच गई। विधानसभा फर्जी हस्ताक्षर मामले की जाँच के सिलसिले में करीब 17 सीआईडी अधिकारी और कोलकाता पुलिस के जवान इस हाई-प्रोफाइल ऑपरेशन में शामिल रहे।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सीआईडी की टीम टीएमसी के राष्ट्रीय महासचिव और ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक बनर्जी को पूछताछ के लिए तलाश रही है। खुफिया इनपुट मिले थे कि अभिषेक बनर्जी मुख्यमंत्री आवास परिसर के भीतर मौजूद पार्टी कार्यालय में हैं। हालाँकि जिस समय यह टीम पहुँची हुई, ममता बनर्जी दिल्ली में थीं और उनके शाम 5:00 बजे तक लौटने की उम्मीद थी। उनकी वापसी से ठीक डेढ़ घंटे पहले सुरक्षा बलों ने इस रणनीतिक स्थान को घेर लिया। इस दौरान सुरक्षा के मद्देनजर भारी संख्या में महिला पुलिसकर्मियों को भी तैनात किया गया था।

जाँच अधिकारियों को आवास के मुख्य गेट पर ही टीएमसी स्टाफ के कड़े विरोध का सामना करना पड़ा। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक हुई और गतिरोध की स्थिति बन गई। ममता बनर्जी के स्टाफ ने साफ शब्दों में कहा, “मैं आपको यहाँ अंदर जाने की अनुमति नहीं दे सकता। वे यहाँ मौजूद नहीं हैं, इसलिए मैं आपको अंदर नहीं जाने दे सकता।”

इस पर सीआईडी अधिकारियों ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा, “अगर आप हमें अंदर नहीं जाने देंगे, तो इसके गंभीर परिणाम होंगे। हमें जाँच के सिलसिले में इस स्थान की तलाशी लेनी ही होगी।”

स्टाफ ने दोबारा जवाब देते हुए कहा, “उनकी अनुपस्थिति में, मैं आपको इस घर में प्रवेश करने और तलाशी लेने की अनुमति नहीं दे सकता। महासचिव अभिषेक बनर्जी, जिनके बारे में दावा किया जा रहा है कि वे यहाँ हैं, उनकी अनुपस्थिति में मैं आपको यहाँ क्यों आने दूँ? आपका उद्देश्य उनसे पूछताछ करना है, लेकिन वे यहाँ मौजूद नहीं हैं।” इसके जवाब में सीआईडी अधिकारियों ने कहा, “आप हमारी जाँच में बाधा डाल रहे हैं।”

सीआईडी सूत्रों के मुताबिक, जिस कथित बैठक में विधायकों के फर्जी हस्ताक्षर किए गए थे, वह इसी स्थान पर हुई थी, इसलिए यह जगह जाँच के केंद्र में है। इससे पहले सोमवार को सीआईडी ने अभिषेक बनर्जी को तीसरा नोटिस जारी कर मंगलवार शाम 5:00 बजे तक भवानी भवन मुख्यालय में पेश होने का 24 घंटे का सख्त अल्टीमेटम दिया था। अभिषेक ने कलकत्ता हाई कोर्ट में 10 जून को होने वाली सुनवाई का हवाला देकर समय माँगा था, जिसे एजेंसी ने खारिज कर दिया। तीन सम्मन छोड़ने के बाद अब सीआईडी ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया है।