इस मामले में जुनैद, हलीम, मुमताज, रैयान, शादाबा, हफीक, वैद्य और सिराजुद्दीन के खिलाफ एफआईआर दर्ज किया गया है। सभी पीड़िता के बगल के गाँव में रहते हैं। सिद्धार्थनगर के कपिलवस्तु थाना में दर्ज एफआईआर के मुताबिक पीड़िता की दोस्ती जुनैद से थी। उसने प्रेम जाल में फँसा कर संबंध बनाए। इसका वीडियो भी बना लिया और गाँव के दोस्त हलीम समेत सभी आरोपितों को दे दिया। ये लोग वीडियो दिखा कर नाबालिग को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देते रहे और उसका रेप करते रहे।
पीड़िता के परिजनों के मुताबिक, नाबालिग से पैसे भी माँगे गए। पैसे नहीं देने पर जुनैद ने आपत्तिजनक वीडियो और फोटो अपने दोस्तों को दे दिए। आरोपितों ने 8 महीने तक लड़की का शारीरिक शोषण किया।
इससे परेशान होकर पीड़िता ने परिजनों को पूरी बात बताई। परिजनों ने पुलिस थाने में 30 अक्टूबर 2025 को एफआईआर दर्ज कराई। अब तक पुलिस ने तीन आरोपित हफीक, जैद और अफरोज को गिरफ्तार किया है। लेकिन मुख्य आरोपी जुनैद अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। इस पर पीड़िता ने पुलिस पर आरोप लगाया है कि उसे गलत फोटो दिखा कर भटकाने की कोशिश की जा रही है। जबकि वह सभी के चेहरे को अच्छी तरह पहचानती है।

