Homeराजनीतिजनता से छिपा कर अखिलेश के मंच पर यूँ लगाए जाते हैं दो-दो AC,...

जनता से छिपा कर अखिलेश के मंच पर यूँ लगाए जाते हैं दो-दो AC, तस्वीरें वायरल

मुलायम सिंह के तेवरों से अक्सर पता चलता रहा है कि वो सपा-बसपा गठबंधन होने और उसके बाद शून्य लोकसभा सीटों वाली बसपा को सीट शेयरिंग के तहत अधिक सीटें देने से नाराज़ हैं। उन्होंने एक बार कहा था कि अपने ही लोग पार्टी को बर्बाद कर रहे हैं।

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की तस्वीरें वायरल हो रही हैं। इन तस्वीरों में अखिलेश यादव को भाषण देते हुए देखा जा सकता है। भाषण देते हुए अखिलेश यादव के बगल में एक नहीं बल्कि दो एयर कंडीशनर (AC) इनस्टॉल किए गए देखे जा सकते हैं। इन एयर कंडीशनरों को इस तरह छिपा कर फिट किया जाता है जिससे जनता की नज़र इन पर न पड़े। बड़ी चालाकी से एक छोटी-सी दीवार बनाकर इन्हें फिट कर दिया जाता है जिससे भाषण देने वाले नेताओं को गर्मी नहीं लगे। धूप में परेशान हो रही जनता यही समझती है कि उनकी तरफ उनके नेता भी भरी गर्मी में मेहनत कर रहे हैं, भाषण दे रहे हैं लेकिन होता इसके उलट ही है।

पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश की इन तस्वीरों के वायरल होने के बाद उनके चाचा और सपा से बग़ावत कर अलग पार्टी बना चुके शिवपाल यादव ने निशाना साधा है। शिवपाल ने पूछा कि अगर समाजवाद एसी केबिन्स तक ही सीमित है तो अखिलेश ज़मीन पर कैसे काम कर पाएँगे? अखिलेश यादव की तस्वीर उनकी मैनपुरी में हुई रैली से वायरल हुई है। इस रैली में वहाँ से लोकसभा चुनाव लड़ रहे मुलायम सिंह यादव और बसपा सुप्रीमो मायावती भी शामिल थी। जहाँ से इन नेताओं को भाषण देना था, वहीं पर दो एसी एक के ऊपर एक लगाए गए थे

इन तस्वीरों के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया में लोगों ने अखिलेश यादव पर जमकर निशाना साधा। लोगों ने कहा कि अखिलेश समाजवाद की नई परिभाषाएँ गढ़ रहे हैं। कुछ लोगों ने सवाल किया कि ख़ुद हर जगह एसी लेकर चलने वाले अखिलेश आख़िर ग़रीबों के लिए काम करने का वादा कैसे कर सकते हैं? बता दें कि सपा-बसपा गठबंधन होने के बाद मैनपुरी में पहली बार माया और मुलायम ने एक साथ मंच साझा किया। मुलायम सिंह मैनपुरी से सपा प्रत्याशी हैं। वहीं सपा छोड़ चुके शिवपाल यादव फ़िरोज़ाबाद से चुनाव लड़ रहे हैं। उन्होंने सपा से अलग होकर गतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया का गठन किया है।

मुलायम सिंह के तेवरों से अक्सर पता चलता रहा है कि वो सपा-बसपा गठबंधन होने और उसके बाद शून्य लोकसभा सीटों वाली बसपा को सीट शेयरिंग के तहत अधिक सीटें देने से नाराज़ हैं। उन्होंने एक बार कहा था कि अपने ही लोग पार्टी को बर्बाद कर रहे हैं। मुलायम सिंह यादव संसद में मोदी के फिर से प्रधानमंत्री बनने की बात भी कह चुके हैं

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

विवादों में ‘कॉकरोचों’ का 6 जून का प्रदर्शन, दिपके ने माना- ‘नहीं ली प्रोटेस्ट की परमिशन’: समझें- SC का फैसला, 7 दिन वाला नियम...

CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन के बहाने समझिए जंतर-मंतर पर धरना देने की पूरी प्रक्रिया, दिल्ली पुलिस के नियम और सुप्रीम कोर्ट का रुख।

‘पहले मंदिर में नमाज पढ़ेंगे, फिर कहेंगे मस्जिद थी’: बुलंदशहर से भोजशाला तक, हिंदू पवित्र स्थलों पर दावों का कट्टरपंथियों का पैटर्न और लिबरल...

हिंदुओं के पवित्र स्थानों पर नमाज अदा करना भूल नहीं, सोची-समझी साजिश है। यदि कट्टरपंथियों का मन इतना ही साफ होता तो मंदिरों पर कब्जा नहीं करते।
- विज्ञापन -