Homeराजनीतिमोहल्ला क्लीनिक पर घिरे केजरीवाल, शाह ने कहा- पाप का AAP को देना होगा...

मोहल्ला क्लीनिक पर घिरे केजरीवाल, शाह ने कहा- पाप का AAP को देना होगा जवाब

नड्डा ने एक वीडियो ट्वीट करते हुए कहा कि केजरीवाल सरकार ने हर साल 1000 मोहल्ला क्लीनिक खोलने का वादा किया था। 1000 क्लीनिक खोलना तो दूर, जो क्लीनिक खोले उनमें भी न दवाएँ हैं और न पर्याप्त सुविधाएँ।

दिल्ली विधानसभा चुनावों के मद्देनजर भाजपा लगातार आम आदमी पार्टी के झूठों का पर्दाफाश कर रही है। बुधवार को पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने महिला सुरक्षा मामले पर केजरीवाल सरकार की पोल खोलते हुए उनकी मंशा पर सवाल उठाए थे। अब स्वास्थ्य मामले पर नड्डा और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने केजरीवाल सरकार को घेरा है। साथ ही कहा है कि दिल्ली में ओछी राजनीति करने के लिए केजरीवाल ने जो किया उसका उन्हें जवाब देना होगा

नड्डा ने एक वीडियो ट्वीट करते हुए कहा कि केजरीवाल सरकार ने हर साल 1000 मोहल्ला क्लीनिक खोलने का वादा किया था। 1000 क्लीनिक खोलना तो दूर, जो क्लीनिक खोले उनमें भी न दवाएँ हैं और न पर्याप्त सुविधाएँ।

भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष ने वीडियो को शेयर करते हुए केजरीवाल पर आरोप लगाया कि ‘आप’ की ओछी राजनीति ने दिल्ली के गरीबों को सालाना 5 लाख रुपए तक मुफ्त इलाज देने वाली मोदी जी की ‘आयुष्मान भारत योजना’ से भी वंचित रखा।

अब इसी ट्वीट और वीडियो को शेयर करते हुए गृहमंत्री अमित शाह ने केजरीवाल को घेरते हुए कहा कि शिक्षा की क्रांति के बाद अब केजरीवाल सरकार के स्वास्थ्य क्रांति की पोल खुल गई है। उन्होंने नड्डा के वीडियो को आधार बनाकर पूछा कि क्या इसमें दिल्ली का गरीब अपना ऑपरेशन करवाएगा?

उन्होंने कहा, “अपनी स्वार्थी राजनीति के लिए दिल्ली के गरीब को मोदी जी की ‘आयुष्मान योजना’ से दूर रख उसके जीवन से खेलने का जो पाप आपने किया है उसका जवाब आप को देना होगा।”

दिल्ली में ‘मुफ्त बिजली’ का सच: चुनाव बाद लगेंगे पैसे… खुद देखिए केजरीवाल सरकार का ऑर्डर

जिससे थी उम्मीदें, वो बेवफा निकला: ‘सरजी’ के गले का फाँस बना शाहीन बाग़, बिगड़ा चुनावी गणित

मोदी की रैली ने बदले समीकरण! दिल्ली में AAP से आगे निकली BJP, 70 में से 40 सीटें मिलने का अनुमान

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

100 नाराज़ ≠ 100 वोट: भारतीय राजनीति में सिर्फ़ ‘नाराज़गी’ का फ़ैक्टर कभी निर्णायक क्यों नहीं रहा

SC/ST Act, आरक्षण, Caste census, सरकारी नौकरियों में हिस्सेदारी, राजनीतिक प्रतिनिधित्व और सामाजिक न्याय की राजनीति जैसे मुद्दे निश्चित रूप से सवर्णों में असंतोष पैदा कर सकते हैं। इन प्रश्नों को खारिज करना भी राजनीतिक मूर्खता होगी।

12 वर्ष पहले गोरखनाथ पीठ के पीठाधीश्वर, फिर देश के सबसे बड़े सूबे के CM: जनता तक पहुँच और समस्याओं पर तत्काल प्रतिक्रिया –...

योगी आदित्यनाथ की गोरखनाथ पीठाधीश्वर से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तक की यात्रा, विरासत को आगे बढ़ाने से लेकर विकसित होते UP की पूरी कहानी।
- विज्ञापन -