Homeराजनीतिकश्मीर में 2-3 महीने में 50 हजार नौकरियाँ, कुपवाड़ा, हंदवाड़ा में मोबाइल सेवा बहाल

कश्मीर में 2-3 महीने में 50 हजार नौकरियाँ, कुपवाड़ा, हंदवाड़ा में मोबाइल सेवा बहाल

राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि राज्य में विकास के रास्ते खुले हैं। सरकार के लिए हर कश्मीरी की जान कीमती है। अनुच्छेद 370 हटने के बाद किसी की जान नहीं गई।

जम्मू-कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने बुधवार के मीडिया से बात करते हुए कई बड़े ऐलान किए।
राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि आने वाले 2-3 महीने में 50 हजार नौकरियाँ देंगे। इसके साथ ही हालात सामान्य होने के चलते संचार व्यवस्था के लिए कुपवाड़ा और हंदवाड़ा जिलों (कश्मीर के) में मोबाइल फोन कनेक्टिविटी शुरू की जा रही है। उन्होंने बताया कि जल्द ही अन्य जिलों में भी सेवा बहाल कर दी जाएगी।

राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने कहा कि राज्य में विकास के रास्ते खुले हैं। सरकार के लिए हर कश्मीरी की जान कीमती है। अनुच्छेद 370 हटने के बाद किसी की जान नहीं गई। कोई नागरिक हताहत नहीं हुआ है, केवल कुछ हिंसक घायल हुए हैं, उनको भी कमर से नीचे की चोटें हैं। उन्होंने कहा कि फोन, इंटरनेट आतंकियों के काम आते हैं। ये उनके लिए हथियार हैं। फोन, इंटरनेट से अफवाह फैलती है। राज्य में हालात सामान्य है। कश्मीर के लिए एक-दो दिन में बड़े ऐलान होंगे।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

बेचे जाने और लीज पर देने का अंतर भूल बैठे हैं अखिलेश यादव, JPNIC ‘बिक गया’ या सिर्फ लीज पर गया? सपा प्रमुख के...

JPNIC विवाद में अखिलेश यादव के ‘बेचने’ के आरोप की पड़ताल पर जानिए योगी सरकार का लीज मॉडल, CAG की आपत्तियां और 265 करोड़ से 865 करोड़ तक कैसे पहुँचा प्रोजेक्ट।

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?
- विज्ञापन -