Saturday, April 24, 2021
Home राजनीति महाराष्ट्र सरकार के पास कर्मचारियों को सैलरी देने के पैसे नहीं, लेकिन पीआर के...

महाराष्ट्र सरकार के पास कर्मचारियों को सैलरी देने के पैसे नहीं, लेकिन पीआर के लिए खर्च कर रही ₹5.5 करोड़

सीएमओ और सूचना व जनसंपर्क महानिदेशालय द्वारा जारी एक सरकारी संकल्प में कहा गया है कि एजेंसियाँ ऑडियो विजुअल कंटेंट का उपयोग करें और रचनात्मक चीजें विकसित करके, सरकार की छवि और नीतियों को बढ़ावा देने के लिए अभियानों के साथ आएँ।

कोरोनो वायरस लॉकडाउन के कारण राज्य की अर्थव्यवस्था खराब होने के बावजूद मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे अपनी महाविकास आघाड़ी सरकार को प्रमोट करने के लिए 5 करोड़ रुपए से अधिक की राशि खर्च करने के लिए तैयार हैं।

शिवसेना की अगुवाई वाली महाविकास आघाड़ी समिति के प्रशासन विभाग ने मुख्यमंत्री और महाराष्ट्र सरकार के पीआर के प्रबंधन के आवेदन करने के लिए निजी विज्ञापन एजेंसियों को आमंत्रित करते हुए एक ई-टेंडर जारी किया है।

साभार: Devang Dave on Twitter

सीएमओ और सूचना व जनसंपर्क महानिदेशालय द्वारा जारी एक सरकारी संकल्प में कहा गया है कि एजेंसियाँ ऑडियो विजुअल कंटेंट का उपयोग करें और रचनात्मक चीजें विकसित करके, सरकार की छवि और नीतियों को बढ़ावा देने के लिए अभियानों के साथ आएँ। यह बात सोशल मीडिया के जरिए सामने आई है। इस पूरी पीआर एक्सरसाइज की कीमत 5,43,60, 240 रुपए है, जो कि 5 करोड़ 50 लाख रुपए से सिर्फ़ थोड़ी कम है।

ठाकरे सरकार ने अपने इस कदम को सही ठहराते हुए कहा कि सूचना और जनसंपर्क निदेशालय (DGIPR) के तर्क के बाद निजी एजेंसियों के लिए सोशल मीडिया के काम को आउटसोर्स करना एकमात्र विकल्प उपलब्ध था, जिसमें कहा गया था कि इसमें तकनीकी विशेषज्ञता और प्रशिक्षित जनशक्ति का अभाव है जो कि कार्य को प्रभावी ढंग से करने के लिए आवश्यक है।

यह निर्णय ऐसे समय में सामने आया है जब महाराष्ट्र सरकार बड़े पैमाने पर वित्तीय संकट का सामना कर रही है। यहाँ तक कि सरकार अपने कर्मचारियों को भुगतान करने के लिए भी संघर्ष कर रही है। इसके अलावा स्वास्थ्य देखभाल संसाधनों के लिए दूसरों राज्यों से मदद माँगने तक की नौबत आ गई है।

हाल ही में एक घटना सामने आई थी कि कैसे पिछले दो महीनों की अवधि का वेतन नहीं मिलने की वजह से राज्य परिवहन निगम के एक महाराष्ट्र सरकार के कर्मचारी ने अवसाद में आकर आत्महत्या कर ली थी। इससे पहले यह बताया गया था कि न केवल महाराष्ट्र सरकार के कर्मचारी, बल्कि केरल के डॉक्टरों और नर्सों के वेतन को भी महा-विकास आघाड़ी सरकार द्वारा देरी से दिया जा रहा था जिसके चलते डॉक्टर और नर्स वापस केरल चले गए थे।

गौरतलब है कि जहाँ एक तरफ कोरोना की महामारी ने सभी राज्यों की हालत खस्ता कर दी थी और महाराष्ट्र सरकार कोरोना से लड़ने वालों तक तो भुगतान करने में खुद को नाकाम बता रहे थे, ऐसे में सरकार ने अपने मंत्रियों के लिए 6 नए लक्जरी वाहनों की खरीद के लिए अनुमति प्रदान किया था। बता दें इन गाड़ियों की कुल कीमत 1.37 करोड़ रुपए थी।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

रेमडेसिविर की जगह कोरोना मरीजों को नॉर्मल इंजेक्शन लगाती थी नर्स, असली वाला कालाबाजारी के लिए प्रेमी को दे देती

भोपाल के एक अस्पताल की नर्स मरीजों की रेमडेसिविर इंजेक्शन चुराकर उसे अपने प्रेमी को ब्लैक मार्केट में बेचने के लिए दे देती थी।

2020 में अस्पताल के हर बेड पर ऑक्सीजन, होम डिलिवरी भी… 2021 में दिल्ली में प्लांट नहीं होने का रोना रो रहे केजरीवाल

2020 में कोरोना संक्रमण के दौरान केजरीवाल सरकार ने ऑक्सीजन को लेकर बड़े-बड़े दावे किए थे। आज वे प्लांट नहीं होने का रोना रो रहे।

3 घंटे तक तड़पी शोएब-पांडे-पटेल की माँ, नोएडा में मर गए सबके नाना: कोरोना से भी भयंकर है यह ‘महामारी’

स्वाति के नानाजी के देहांत की खबर जैसे ही फैली हिटलर, कल्पना मीना और वेंकट आर के नानाजी लोग भी नोएडा के उसी अस्पताल में पहुँचे ताकि...

ममता बनर्जी की हैट्रिक पूरी: कोरोना पर PM संग बैठक से इस बार भी रहीं नदारद, कहा- मुझे बुलाया ही नहीं

यह लगातार तीसरा मौका है जब कोरोना को लेकर मुख्यमंत्रियों की हुई बैठक में ममता बनर्जी शामिल नहीं हुईं। इसकी जगह उन्होंने चुनाव प्रचार को तवज्जो दी।

ऑक्सीजन सिलिंडर, दवाई, एम्बुलेंस, अस्पताल में बेड… UP में मदद के लिए RSS के इन नंबरों पर करें कॉल

ऑक्सीजन सिलिंडर और उसकी रिफिलिंग, दवाइयों की उपलब्धता, एम्बुलेंस, भोजन-पानी, अस्पतालों में एडमिशन और बेड्स के लिए RSS के इन नंबरों पर करें फोन कॉल।

Covaxin के लिए जमा कर लीजिए पैसे, कंपनी चाहती है ज्यादा से ज्यादा कीमत: मनी कंट्रोल में छपी खबर – Fact Check

मनी कंट्रोल ने अपने लेख में कहा, "बाजार में कोविड वैक्सीन की कीमत 1000 रुपए, भारत बायोटेक कोवैक्सीन के लिए चाहता है अधिक से अधिक कीमत"

प्रचलित ख़बरें

‘प्लाज्मा के लिए नंबर डाला, बदले में भेजी गुप्तांग की तस्वीरें; हर मिनट 3-4 फोन कॉल्स’: मुंबई की महिला ने बयाँ किया दर्द

कुछ ने कॉल कर पूछा क्या तुम सिंगल हो, तो किसी ने फोन पर किस करते हुए आवाजें निकाली। जानिए किस प्रताड़ना से गुजरी शास्वती सिवा।

PM मोदी ने टोका, CM केजरीवाल ने माफी माँगी… फिर भी चालू रखी हरकत: 1 मिनट के वीडियो से समझें AAP की राजनीति

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सब को संयम का पालन करना चाहिए। उन्होंने दिल्ली के सीएम अरविंद केजरीवाल की इस हरकत को अनुचित बताया।

सीताराम येचुरी के बेटे का कोरोना से निधन, प्रियंका ने सीताराम केसरी के लिए जता दिया दुःख… 3 बार में दी श्रद्धांजलि

प्रियंका गाँधी ने इस घटना पर श्रद्धांजलि जताने हेतु ट्वीट किया। ट्वीट को डिलीट किया। दूसरे ट्वीट को भी डिलीट किया। 3 बार में श्रद्धांजलि दी।

अम्मी कोविड वॉर्ड में… फिर भी बेहतर बेड के लिए इंस्पेक्टर जुल्फिकार ने डॉक्टर का सिर फोड़ा: UP पुलिस से सस्पेंड

इंस्पेक्टर जुल्फिकार ने डॉक्टर को पीटा। ये बवाल उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में कोविड-19 लेवल थ्री स्वरूपरानी अस्पताल (SRN Hospital) में हुआ।

पाकिस्तान के जिस होटल में थे चीनी राजदूत उसे उड़ाया, बीजिंग के ‘बेल्ट एंड रोड’ प्रोजेक्ट से ऑस्ट्रेलिया ने किया किनारा

पाकिस्तान के क्वेटा में उस होटल को उड़ा दिया, जिसमें चीन के राजदूत ठहरे थे। ऑस्ट्रेलिया ने बीआरआई से संबंधित समझौतों को रद्द कर दिया है।

रेप में नाकाम रहने पर शकील ने बेटी को कर दिया गंजा, जैसे ही बीवी पढ़ने लगती नमाज शुरू कर देता था गंदी हरकतें

मेरठ पुलिस ने शकील को गिरफ्तार किया है। उस पर अपनी ही बेटी ने रेप करने की कोशिश का आरोप लगाया है।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

293,883FansLike
83,745FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe