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PM मोदी के सामने हाथ जोड़े नीतीश कुमार, प्रशांत किशोर ने तस्वीरें शेयर कर डिलीट किया: कहा- दिल्ली में मेल-मुलाकात का कोई असर नहीं

नीतीश कुमार ने प्रशांत किशोर को अंड-बंड बोलने आदमी और धंधेबाज बताया था। उन्होंने कहा था, "वो आदमी मेरे साथ भी आया। मैंने बाद में सुझाव दिया कि ये सब काम छोड़ दीजिए पर नहीं माने। वो देशभर में अलग-अलग पार्टी का प्रचार करते रहे। उनका ये एक धंधा है।"

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा प्रशांत किशोर को अंड-बंड बोलने वाला बताने के बाद दोनों के बीच आरोपों का दौर जारी है। प्रशांत किशोर ने गुरुवार (8 सितंबर 2022) को एक ट्वीट मे नीतीश कुमार के चार फोटो साझा कर उन पर तंज कसा। इसके साथ ही विपक्षी दलों का नेता बनने की कोशिश का माखौल उड़ाया।

गुरुवार की सुबह प्रशांत किशोर ने पीएम मोदी के साथ नीतीश कुमार के चार फोटो साझा किए थे। हालाँकि, बाद में उन्होंने इस ट्वीट को डिलीट कर दिया। इस फोटो में नीतीश कुमार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को हाथ जोड़कर नमस्कार करते, उनके सामने झुकते, उन्हें नमस्कार करते नजर आ रहे हैं।

प्रशांत किशोर द्वार किया गया ट्वीट

इतना ही नहीं, NDA के साथ गठबंधन तोड़ने के बाद नीतीश कुमार दिल्ली जाकर गैर-भाजपा दलों के नेताओं से भी मिल रहे हैं। इस क्रम में उन्होंने कॉन्ग्रेस के नेता राहुल गाँधी से लेकर अरविंद केजरीवाल तक से मुलाकात की। इस मुलाकात पर भी प्रशांत किशोर ने तंज कसा है।

प्रशांत किशोर ने कहा, “बिहार में जो राजनीतिक घटनाक्रम है वो केवल राज्य विशिष्ट मद्दा है और मुझे नहीं लगता कि इससे राष्ट्रीय स्तर पर असर पड़ेगा। कथित तौर पर जो आदमी अभी विपक्ष में है, वो दिल्ली जाकर दूसरे विपक्षी दलों के नेताओं से मुलाकात करता है तो केवल मुलाकात करने से विपक्ष नए तरीके और रणनीति के साथ खड़ा हो रहा है, ऐसा मुझे नहीं लगता है।”

बिहार के भागलपुर में मीडिया से बात करते हुए उन्होंने आगे कहा, “मैंने तो कहीं ऐसी घोषणा नहीं देखी जिसमें सारे विपक्ष के नेता एक साथ बैठकर किसी चेहरे आदि की घोषणा की हो। अभी मुझे इस प्रयास में कुछ नई बात नहीं दिखती है।”

बता दें कि बुधवार (7 सितंबर 2022) को नीतीश कुमार ने प्रशांत किशोर को अंड-बंड बोलने आदमी और धंधेबाज बताया था। उन्होंने कहा था, “वो आदमी मेरे साथ भी आया। मैंने बाद में सुझाव दिया कि ये सब काम छोड़ दीजिए पर नहीं माने। वो देशभर में अलग-अलग पार्टी का प्रचार करते रहे। उनका ये एक धंधा है।”

नीतीश कुमार ने आगे कहा था, “प्रशांत किशोर बिहार में जो करना चाहते हैं वो करें। उनके स्टेटमेंट का कोई महत्व ही नहीं है। उन्हें क्या ABC भी मालूम है कि 2005 से क्या काम हुआ है? स्टेटमेंट देकर पब्लिसिटी देने का काम है। वो इसी सबके एक्सपर्ट हैं। कुछ भी अंड-बंड बोलते रहते हैं। अगर ऐसा कोई कुछ कहता है तो शायद अंदर से बीजेपी को मदद करने का मन होगा। इसीलिए कुछ बोल रहे हैं।”

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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