Homeराजनीतिअपने दम पर जीत सकते हैं चुनाव: अब TMC विधायक जीतेंद्र तिवारी ने दी...

अपने दम पर जीत सकते हैं चुनाव: अब TMC विधायक जीतेंद्र तिवारी ने दी खुलेआम पार्टी छोड़ने की धमकी

शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम को लिखे पत्र का हवाला देते हुए तिवारी ने कहा, "मैंने एक गुप्त पत्र अपने विभाग के मंत्री को लिखा, लेकिन मुझे जवाब क्या मिला? मैं पार्टी छोड़ दूँ और बीजेपी से जुड़ जाऊँ।"

तृणमूल कॉन्ग्रेस के बागी विधायक जीतेंद्र तिवारी ने ममता सरकार के खिलाफ़ मोर्चा खोला हुआ है। बुधवार (दिसंबर 16, 2020) को विधायक ने खुलेमाम पार्टी छोड़ने की धमकी दी है। दुर्गापुर में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए उन्होंने पूछा कि आखिर लोग कब तक डर में जीते रहेंगे?

आसनसोल नगर निगम के बोर्ड ऑफ एडमिनिस्ट्रेटर के अध्यक्ष तिवारी ने कहा, “एक न एक दिन हमें निर्णय लेना ही होगा कि क्या करना है? मैंने सोच लिया है कि अगर जरूरत पड़ी तो मैं (पार्टी) छोड़ दूँगा, लेकिन लोगों के साथ बना रहूँगा।”

शहरी विकास मंत्री फिरहाद हकीम को लिखे पत्र का हवाला देते हुए तिवारी ने कहा, “मैंने एक गुप्त पत्र अपने विभाग के मंत्री को लिखा, लेकिन मुझे जवाब क्या मिला? मैं पार्टी छोड़ दूँ और बीजेपी से जुड़ जाऊँ।”

बता दें कि इस पत्र में उन्होंने कहा था कि राज्य सरकार राजनीतिक वजहों से आसनसोल नगर निगम को केंद्र की तरफ से मिले 2000 करोड़ रुपए के फंड का इस्तेमाल नहीं करने दे रही हैं। यह फंड स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत जारी किया गया था। तिवारी का यह भी आरोप था कि इस मुद्दे पर वह पहले भी कम से कम 5 बार हकीम को चिट्ठी लिख चुके हैं लेकिन रविवार को लिखी चिट्ठी किसी ने जानबूझकर लीक कर दी। उन्होंने कहा, ‘मैं इन मामलों पर सिर्फ मुख्यमंत्री से बात करूँगा।’

जीतेंद्र राज्य मंत्री फिरहाद हकीम के लिए कहते हैं, “उन्होंने मुझ पर भाजपा की भाषा बोलने का आरोप लगाया। इसलिए मैं उन्हें याद दिला दूँ कि उन्होंने कोलकाता को मिनी पाकिस्तान बनाने की बात कही थी। क्या मुझे उनसे सबक लेने की जरूरत है? हम ममता बनर्जी की पार्टी में हैं।”

जीतेंद्र तिवारी का आरोप है कि अपने विधानसभा क्षेत्र में किए गए वादों को पूरा करने से रोकने के लिए उनके सामने मुश्किलें खड़ी की जा रही हैं।  वह कहते हैं, “हम जनता के प्रति जवाबदेह है। हमने जो वादे किए उसे लेकर हमें कहा गया कि हम उसे पूरा नहीं कर सकते। अगर हम अपने अधिकारों के बारे में बात करते हैं तो हमें पार्टी छोड़ने के लिए कहा जाता है।”

तिवारी कहते हैं कि उनमें खुद में इतनी क्षमता है कि वो अपने दम पर चुनावों को जीत सकते हैं। वह बताते हैं, “जाहिर है कि हमें पार्टी का समर्थन है, हम पर पार्टी का चिह्न है लेकिन हमारी निजी छवि इतनी भी खराब नहीं है कि लोग हमें वोट न दें। हम जीते थे इसमें हमारी छवि एक महत्तवपूर्ण कारक है।”

उल्लेखनीय है कि एक ओर जहाँ जीतेंद्र तिवारी ने पार्टी छोड़ने की धमकी दी है। वहीं टीएमसी के दिग्गज नेता शुभेंदु अधिकारी ने आज अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इससे पहले वह परिवहन मंत्री पद से इस्तीफा दे चुके थे। उन्हें लेकर भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मुकुल रॉय ने कहा था कि पश्चिम बंगाल के दिग्गज नेता शुभेंदु अधिकारी शनिवार (दिसंबर 19, 2020) को पार्टी में शामिल होने वाले हैं, वहीं दूसरी तरफ समर्थकों के व्यवहार से भी लग रहा है कि वो भाजपा कैडर बनने के लिए तैयार हैं। शुभेंदु अधिकारी के दफ्तरों को, जहाँ से पहले तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) का कामकाज देखा जाता था, अब उन्हें समर्थकों द्वारा भगवा रंग से रंगा जाना शुरू कर दिया गया है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

किसी को बेल मिली तो घर नहीं जा सका, कोई अब तक जेल में… संसद की सुरक्षा में सेंधमारी को सामान्य बनाना चाह रहे...

हर पीढ़ी में ऐसे युवा होते हैं जो व्यवस्था बदलना चाहते हैं। लेकिन ये भी समझना जरूरी है कि व्यवस्था बदलने और कानून तोड़ने में अंतर होता है।

PM की हत्या की साजिश, संसद में घुसने का प्रयास और पुलिस पर पथराव: Insta रील से इतर समझें ‘कॉकरोचों’ का एजेंडा, कैसे ठगे...

एकतरफा नैरेटिव को ध्वस्त करने वाली CJP प्रदर्शन यह दूसरी तस्वीरें भी दिखें, जिनमें हिंसक भीड़ ने पुलिस पर पथराव किया, 'मोदी-बीजेपी मुर्दाबाद' के नारे लगाकर असल छात्रों को बरगलाया।
- विज्ञापन -