Homeराजनीतिपेगासस के मुद्दे पर राज्यसभा में हंगामा पड़ा महँगा, टीएमसी के 6 सांसद निलंबित:...

पेगासस के मुद्दे पर राज्यसभा में हंगामा पड़ा महँगा, टीएमसी के 6 सांसद निलंबित: देखें उनकी हरकतें

जिन माननीयों को निलंबित किया गया है उनमें डोला सेन, मो. नदीमुल हक, अबीर रंजन बिस्वास, शांता छेत्री, अर्पिता घोष और मौसम नूर शामिल हैं। इस घटना की वीडियो क्लिप भी वायरल हो रही है, जिसमें देखा जा सकता है कि इन सांसदों ने सदन के वेल में प्रवेश किया और तख्तियाँ लहराई।

संसद का मानसून सत्र चल रहा है, जिसमें विभिन्न मुद्दों को लेकर विपक्ष लगातार गतिरोध उत्पन्न करने की कोशिश कर रहा है। इसी क्रम में बुधवार (4 अगस्त 2021) को भी टीएमसी के सांसदों ने एक बार फिर से हंगामा किया। इस मामले में इनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए उप राष्ट्रपति एम वकैंया नायडू ने तृणमूल कॉन्ग्रेस के छह सांसदों को एक दिन के लिए निलंबित कर दिया है।

सभापति के इस फैसले के बाद हंगामा करने वाले ये सांसद अब सदन की कार्रवाई में हिस्सा नहीं ले सकेंगे। जिन माननीयों को निलंबित किया गया है उनमें डोला सेन, मो. नदीमुल हक, अबीर रंजन बिस्वास, शांता छेत्री, अर्पिता घोष और मौसम नूर शामिल हैं। इस घटना की वीडियो क्लिप भी वायरल हो रही है, जिसमें देखा जा सकता है कि इन सांसदों ने सदन के वेल में प्रवेश किया और तख्तियाँ लहराई। सभापति की अवज्ञा की और सदन में घटिया आचरण किया।

वीडियो क्लिप में टीएमसी सांसदों को हाथों में तख्तियाँ लिए कुर्सी की ओर चलते हुए देखा सकता है।

रिपोर्ट के मुताबिक, पेगासस के मुद्दे पर मीडिया रिपोर्ट को लेकर विपक्षी सांसदों की नारेबाजी के बीच राज्यसभा को दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई थी और जब दोबारा से सदन की कार्यवाही शुरू हुई तो 18 विपक्षी सांसदों ने पेगासस के मामले पर चर्चा की माँग की।

संसद को मछली बाजार मत बनाओ

विपक्ष के हंगामें पर केंद्रीय मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी ने टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन पर निशाना साधा औऱ कहा कि अगर ‘चाट पपड़ी’ से एलर्जी है तो फिश करी खा लें, लेकिन सदन को मछली बाजार न बनाएँ। उन्होंने विपक्ष पर संसद की इमेज को धूमिल करने का आरोप लगाया है।

शांतनु सेन हो चुके हैं निलंबित

तृणमूल कॉन्ग्रेस (टीएमसी) के सांसद शांतनु सेन ने भी गुरुवार (22 जुलाई 2021) को इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव के हाथ से स्टेटमेंट पेपर छीना था और फाड़ कर फेंक दिया था। इसके बाद अनुशासनहीनता के कारण उन्हें मानसून सत्र से निलंबित कर दिया गया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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