Homeराजनीति'अर्बन नक्सलवाद' पर चिंतित हुए शरद पवार, कहा - सरकार के खिलाफ फैलाई जा...

‘अर्बन नक्सलवाद’ पर चिंतित हुए शरद पवार, कहा – सरकार के खिलाफ फैलाई जा रही है घृणा, तत्काल कार्रवाई की ज़रूरत

"इस तरह की (अर्बन नक्सलियों) कुछ ताकतें नागपुर, पुणे और मुंबई के अलावा सह्याद्रि पहाड़ियों वाले इलाकों में भी सक्रिय हैं। वो केरल तक फैले हुए हैं। इस पहलू को लेकर तत्काल कार्रवाई किए जाने की ज़रूरत है। ऐसा नहीं किया जाता है तो नई समस्याएँ खड़ी होंगी।"

महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री शरद पवार ने भी अब अर्बन नक्सलियों के खतरे पर चिंता जाहिर की है। शरद पवार ने उसी गढ़चिरौली में ये बातें कहीं, जहाँ पिछले रविवार (14 नवंबर, 2021) सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में मिलिंद तेलतुंबड़े सहित 27 नक्सली ढेर हो गए थे। NCP सुप्रीमो का कहना है कि नक्सलवाद सिर्फ महाराष्ट्र के पूर्वी हिस्सों के कुछ गाँवों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि राज्य के कई बड़े शहरों में भी ‘अर्बन नक्सलवाद’ देखने को मिल रहा है।

पत्रकारों से से बात करते हुए महाराष्ट्र की सत्ताधारी ‘महा विकास अघाड़ी (MVA)’ गठबंधन के सूत्रधार शरद पवार ने गढ़चिरौली में नक्सली समस्या पर चिंता जाहिर की, जिसकी सीमाएँ पड़ोसी राज्य छत्तीसगढ़ से लगती हैं। उन्होंने कहा कि परिस्थितियाँ अब सुधर रही हैं, लेकिन अब एक नया खतरा चालू हो गया है। उन्होंने बताया कि कुछ जगहों पर सरकार के खिलाफ घृणा फैलाई जा रही है। साथ ही उन्होंने इसे ‘अर्बन नक्सलवाद’ के रूप में परिभाषित किया।

केंद्रीय कृषि मंत्री रहे 80 वर्षीय नेता ने कहा, “इस तरह की (अर्बन नक्सलियों) कुछ ताकतें नागपुर, पुणे और मुंबई के अलावा सह्याद्रि पहाड़ियों वाले इलाकों में भी सक्रिय हैं। वो केरल तक फैले हुए हैं। एक वर्ग ऐसा है जो जनता के मन में सरकार के विरोध में घृणा बिठाना चाहता है। इस पहलू को लेकर तत्काल कार्रवाई किए जाने की ज़रूरत है। ऐसा नहीं किया जाता है तो नई समस्याएँ खड़ी होंगी।” बता दें कि महाराष्ट्र की मौजूदा सरकार में गृह मंत्रालय NCP के ही हिस्से है।

बता दें कि ‘अर्बन नक्सलियों’ को लेकर पहले भी बात हो चुकी है, जब भीमा-कोरेगाँव हिंसा में गिरफ्तार किए गए अधिकतर नक्सली लेखक, पादरी और सामाजिक कार्यकर्ताओं के अलावा दलित सुधारक का चोला ओढ़ कर घूम रहे थे। इस मामले में जिन 16 लोगों को गिरफ्तार किया गया, वो सभी समाज की मुख्यधारा में हिंसक नक्सलियों का मुखौटा थे। इन्होंने ‘एल्गार परिषद’ के बैनर तले हिंसा भड़काई। कम्युनिस्ट पार्टियाँ भी नक्सलियों के समर्थन में बोलती रहती हैं।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

महाराष्ट्र में धर्मांतरण के नए कानून के तहत ब्रिटिश नागरिक पर दर्ज हुई FIR, चर्च के कार्यक्रम की आड़ में हिंदुओं को बनाना चाहता...

महाराष्ट्र में धर्मांतरण विरोधी कानून लागू होने के बाद एक ब्रिटिश नागरिक पर FIR दर्ज हुई है। वह पुणे के एक चर्च में यीशू के प्रति भक्ति दिखाते हुए हिन्दू देवी-देवताओं पर भ्रम फैला रहा था।

एयर इंडिया पायलट का दूसरा ड्रग टेस्ट भी निकला पॉजिटिव: फुकेत-दिल्ली फ्लाइट में आखिर क्या हुआ था और अब आगे क्या होगा?

पायलट का कंफर्मेटरी टेस्ट पॉजिटिव आया है और सैंपल में गांजा होने की पुष्टि हुई है। हालाँकि, टेस्ट के सटीक विवरण का खुलासा होना शेष है।
- विज्ञापन -