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महिला, उठा हुआ नितंब और अधनंगा मर्द: मोदी सरकार पर निशाना साधने के लिए शशि थरूर का मीम… अब पड़ रही गाली

महिला लाल गद्दे पर पेट के बल हल्के लेटी हुई... उसके नितंब आपत्तिजनक अवस्था में ऊपर उठे हुए... वो पीछे देख रही... और एक व्यक्ति अधनंगे अवस्था में खड़ा है। - यह शशि थरूर की कॉन्ग्रेस का महिला सशक्तिकरण है, जो फोटो में झलक रही है।

कॉन्ग्रेस के वरिष्ठ नेता शशि थरूर ने सोशल मीडिया पर एक महिला की आपत्तिजनक अवस्था में तस्वीर शेयर कर के मोदी सरकार पर निशाना साधने का प्रयास किया है। केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम से लगातार तीसरी बार सांसद चुने गए थरूर की इस हरकत से लोग नाराज़ दिखें और उन्हें विश्वास ही नहीं हो रहा था कि कभी ये व्यक्ति संयुक्त राष्ट्र महासचिव बनने की दौर में शामिल हुआ करता था।

उक्त तस्वीर में एक महिला लाल गद्दे पर पेट के बल हल्के लेटी हुई है। उसके नितंब आपत्तिजनक अवस्था में ऊपर उठे हुए हैं और वो पीछे की तरफ देख रही है। पीछे एक व्यक्ति अधनंगे अवस्था में खड़ा है। साथ ही तस्वीर में कैप्शन लिखा हुआ है – “ये कौन सा पोजीशन है?” शशि थरूर ने तस्वीर के साथ लिखा कि जब भाजपा सत्ता में हो तो हर दिन ‘राष्ट्रीय योग दिवस’ है। इस तरह उन्होंने योग का भी मजाक बनाया।

कई ट्विटर यूजरों ने शशि थरूर की इस हरकत पर उनकी क्लास लगाई। एक व्यक्ति ने लिखा कि वो दिन पर दिन अंदर से बुरे होते जा रहे हैं। वहीं एक अन्य यूजर ने ‘3 इडियट्स’ फिल्म का ‘अश्लील है ये लौंडा’ वाला दृश्य शेयर किया। एक यूजर ने पूछा कि क्या एक महिला की तस्वीर इस पोज में शेयर करना ही कॉन्ग्रेस का महिला सशक्तिकरण है? एक यूजर ने लिखा कि ये उनकी अगली पुस्तक की थीम हो सकती है – ‘ठरक: नाम है थरूर’।

याद कीजिए, ग्रेटा थनबर्ग ने जिस खालिस्तानी टूलकिट को गलती से लीक कर दिया था, उसमें भी लिखा था कि भारत की ‘योग और चाय’ वाली छवि को नुकसान पहुँचाना है। ‘पोएटिक जस्टिस फाउंडेशन’ व अन्य खालिस्तानी संगठनों ने इस टूलकिट को तैयार किया था। पीएम मोदी ने असम की रैली में इस बात को उठाया भी था, जहाँ चायपत्ती की खेती होती है। भारत के प्रयासों से ही अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 21 जून योग दिवस घोषित हुआ था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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