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पंजाब को भारत से अलग करने के लिए खालिस्तानी संगठन SFJ ने करवाई वोटिंग: लंदन में लगे ‘खालिस्तान जिंदाबाद’ के नारे

जिस बैलट पर सिखों से वोटिंग करवाई गई उस बैलट पर पूछा गया था कि क्या भारत शासित पंजाब को स्वतंत्र देश होना चाहिए? SFJ के संस्थापक पन्नू ने बताया कि जनमत संग्रह में 30000 सिखों ने वोट दिए।

खालिस्तानी आतंकी संगठनों ने अलग देश की माँग को लेकर ‘जनमत संग्रह’ का काम शुरू कर दिया है। खबर है कि 31 अक्टूबर को अमेरिका के खालिस्तानी संगठन ‘सिख फॉर जस्टिस (SFJ)’ ने जनमत संग्रह का पहला राउंड आयोजित किया था। इसके लिए ब्रिटिश सिखों को लंदन जाकर वोट देना था कि क्या पंजाब एक अलग देश बनना चाहिए या नहीं। लंदन में वोटिंग के बाद अब आगे ये सिलसिला यूरोप, यूएस और कनाडा में भी चलेगा। इसके बाद भारत में राय ली जाएगी।

सिख फॉर जस्टिस ने भारतीय मूल वाले सभी 18 वर्ष के ऊपर वाले लोगों से वोट देने को कहा था। ये वोटिंग वेस्टमिंनस्टर के एलिजाबेथ 2 सेंटर में हुई। इस दौरान लोगों ने न केवल भारत विरोधी नारे लगाए, खालिस्तान जिंदाबाद कहा बल्कि इन लोगों के हाथों मे खालिस्तानी झंडे भी जगह-जगह दिखाई दिए। रिपोर्ट बताती है कि बैलट पेपर पर लिखा था कि क्या भारत शासित पंजाब को एक स्वतंत्र देश बनना चाहिए? संगठन के संस्थापक खालिस्तानी पन्नू ने कहा कि 30 हजार सिखों ने रविवार को जनमत संग्रह पर अपना वोट दिया।

गौरतलब हो कि SFJ ने हाल में खालिस्तान का मैप भी जारी किया था जिसमें उन्होंने पाकिस्तान के पंजाब को छोड़ दिया था। अपने अभियान में बड़ी चालाकी से संगठन ने उन इलाकों के बारे में बताया भी नहीं जो बँटवारे के समय पाकिस्तान के हिस्से में गए थे। शायद इसकी एक मुख्य वजह यह है कि पाकिस्तान हमेशा से खालिस्तान का समर्थन करता आया है और उसने तमाम खालिस्तानी आतंकियों को पनाह भी दी है।

बता दें कि ‘सिख फॉर जस्टिस‘ भारत में एक प्रतिबंधित संगठन है। इसका संस्थापक गुरपतवंत पन्नू है। जिसे भारत सरकार ने यूएपीए के तहत साल 2020 से आतंकी घोषित किया हुआ है। इस संगठन का इतिहास तमाम ऐसी वीडियोज और बयान जारी करने का है जो सिखों को भड़काने वाले होते हैं। इसी संगठन ने स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस से पहले सिखों को सरकारी इमारतों पर खालिस्तानी झंडे लहराने को कहा था। इसके अलावा जनवरी 2021 में सिख फॉर जस्टिस ने ये ऐलान भी किया था कि 26 जनवरी को जो भी कोई लाल किले पर खालिस्तानी झंडा लहराएगा उसे वो इनाम देंगे। इसके बाद ही ट्रैक्टर रैली में शामिल लोगों ने सिखों के दो झंडे लाल किले पर फहराए थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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