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‘एक बार घर आकर माँ से मिल लीजिए’: गाँव में छोटी सी दुकान चला रहीं CM योगी की बहन, कहा – हमें नहीं पसंद परिवारवाद

"एक बार तो भाई ने पिताजी को भी टोक दिया था कि पिताजी क्या केवल अपना ही परिवार पालते हैं आप। कभी जनता की भी सेवा किया करो।"

उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (Yogi Aadityanath) लगातार दूसरी बार सीएम पद के लिए 25 मार्च 2022 को शपथ लेंगे। लेकिन, उससे पहले उनकी बड़ी बहन शशि सिंह (Shashi Singh) ने बुधवार (23 मार्च 2022) को घर आकर माँ से मिलने की अपील की। योगी आदित्यनाथ की बहन उत्तराखंड में अपने गाँव के पास एक छोटी सी दुकान चलाती हैं।

टाइम्स नाऊ को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कुछ अनकही बातों को साझा किया। योगी आदित्यनाथ की बहन ने बताया, “एक बार तो भाई ने पिताजी को भी टोक दिया था कि पिताजी क्या केवल अपना ही परिवार पालते हैं आप। कभी जनता की भी सेवा किया करो। इस पर पिताजी बोले कि बेटा मेरी तो 85 रुपए की सैलरी है। इतने में तुमको ही पाल लूँ यही बहुत है। देखता हूँ, तू क्या करता है। ” सीएम योगी की बहन बताती हैं कि ये बातें उन्होंने करीब 15-16 वर्ष की उम्र में कही थी।

जब शशि सिंह से पूछा गया कि वो लोग छोटी सी दुकान चलाते हैं, जबकि उनके भाई तो राज्य के सीएम हैं। इस सवाल के जबाव में उन्होंने कहा, “जैसे दूसरी पार्टियों में हर नेता का परिवार और उसके रिश्तेदार तक नेता बनना चाहते हैं। लेकिन, हमारे परिवार को परिवारवाद पसंद नहीं है। यह हमारे परिवार में नहीं है..भाई का भी यही बोलना है कि कमाओ-खाओ और मेहनत करो।”

योगी के संन्यास लेने को लेकर उनकी बहन ने कहा कि भाई तो घर से नौकरी करने की बात कहकर निकले थे, लेकिन बाद में पता चला कि वो महात्मा बन गए। आगे रोते हुए उन्होंने कहा कि पहले कोई भी साधु-संत निकलते थे तो उनमें वो उनमें अपने भाई को ढूँढती थीं। उन्होंने ये भी कहा कि अगर वो उत्तराखंड के सीएम होते तो यहाँ काफी विकास हो जाता। आखिर में सीएम योगी की बहन ने उनसे एक बार घर आकर माँ से मिलने की अपील की।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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