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सिद्धारमैया के बेटे ने CM कुर्सी पर ठोका पिता का दावा, उधर रो कर DK शिवकुमार ने भी चला इमोशनल कार्ड: कर्नाटक में जीत के बाद कॉन्ग्रेस की नई टेंशन

कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कॉन्ग्रेस की जीत देख प्रदेश अध्यक्ष डीके शिवकुमार ने इमोशनल कार्ड चला। भावुक होते हुए उन्होंने कहा कि मैं इस जीत के लिए अपने कार्यकर्ताओं और अपनी पार्टी के नेताओं को श्रेय देता हूँ जिन्होंने बहुत मेहनत की।

कर्नाटक विधानसभा चुनाव के परिणाम स्पष्ट हो चुके हैं। कॉन्ग्रेस ने अपने दम पर बहुमत के आँकड़े को पार कर लिया है। इसी के साथ कॉन्ग्रेस में सीएम पद को लेकर घमसान मचता नजर आ रहा है। कॉन्ग्रेस के दो बड़े नेता सीएम पद के दावेदार माने जा रहे हैं। पहले हैं कर्नाटक के मुख्यमंत्री रहे सिद्धारमैया और दूसरे हैं कर्नाटक कॉन्ग्रेस अध्यक्ष डीके शिव कुमार। कॉन्ग्रेस के दोनों धड़ों के लोग अब अपने-अपने नेता के समर्थन में खुलकर आ रहे हैं।

बहुमत मिलता देख सिद्धारमैया के बेटे यतींद्र ने पिता के लिए मुख्यमंत्री पद पर दावा ठोक दिया। यतींद्र ने कहा कि राज्य के हित में मेरे पिता को मुख्यमंत्री बनाया जाना चाहिए। उन्होंने सिद्धारमैया के पिछले कार्यकाल का दम भरते हुए कहा कि यह राज्य के लोगों के हित में होगा। यतींद्र ने कहा कि सिद्धारमैया के दम पर ही कॉन्ग्रेस राज्य में सत्ता के करीब पहुँची है। समर्थक भी खुलकर सीएम पद के लिए सिद्धारमैया का समर्थन कर रहे हैं। मैसूर के एक समर्थक ने तो अपनी छाती पर सिद्धारमैया सीएम टैटू गुदवा लिया।

दूसरी तरफ कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कॉन्ग्रेस की जीत देख प्रदेश अध्यक्ष डीके शिवकुमार ने इमोशनल कार्ड चला। भावुक होते हुए उन्होंने कहा कि मैं इस जीत के लिए अपने कार्यकर्ताओं और अपनी पार्टी के नेताओं को श्रेय देता हूँ जिन्होंने बहुत मेहनत की। सिद्धारमैया ने कहा कि कॉन्ग्रेस कर्नाटक में 130 से ज्यादा सीटों के साथ सरकार बनाने जा रही है। उन्होंने कहा कि कर्नाटक के लोग बदलाव चाहते थे क्योंकि वे भाजपा सरकार से तंग आ चुके थे।

डीके शिवकुमार 8 बार विधायक रह चुके हैं और उनका सीएम बनने का सपना काफी पुराना है। डीके शिवकुमार ने शुक्रवार (12 मई) को एक ट्वीट किया। इसमें उन्होंने कॉन्ग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के रूप में अपनी तीन सालों की मेहनत का वीडियो शेयर किया। कहा जा रहा है कि इस तरह उन्होंने मुख्यमंत्री पद की दावेदारी पेश कर दी है।

बता दें कर्नाटक में 224 विधानसभा सीटों के लिए 10 मई को चुनाव कराए गए थे। जिसमें 73.19 प्रतिशत लोगों ने वोट डाले थे। ताजा आँकड़ों के मुताबिक, कॉन्ग्रेस 135, भाजपा 65 और जेडीएस 22 सीटों पर आगे है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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