Thursday, January 20, 2022
Homeराजनीतिदेवेंद्र फडणवीस और राधा मोहन से बैठक के बाद अन्ना संतुष्ट, अनशन ख़त्म

देवेंद्र फडणवीस और राधा मोहन से बैठक के बाद अन्ना संतुष्ट, अनशन ख़त्म

राधा मोहन सिंह की अध्यक्षता में बनने वाली लोकपाल सर्च कमिटी में अन्ना के सहयोगी सोनपाल शास्त्री भी होंगे। कमिटी एक निश्चित समय में खाका तैयार करेगी, जिस पर केंद्र सरकार निर्णय लेगी। अन्ना ने सरकार के साथ अपनी चर्चा को सकारात्मक बताया।

81 वर्षीय सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री राधा मोहन सिंह के साथ चली गहन बैठक के बाद अपना अनशन ख़त्म करने का निर्णय लिया है। 6 घंटे तक चली बैठक में दोनों बड़े नेताओं ने अन्ना की माँग को सुना और उन्हें लिखित आश्वासन भी दिया।

इस बैठक में महाराष्ट्र के जल संसाधन मंत्री गिरीश महाजन और केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री सुभास भामरे भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री फडणवीस ने अन्ना को जूस पीला कर उनका अनशन ख़त्म कराया। ग़ौरतलब हो कि अन्ना 7 दिनों से अपनी माँगों को लेकर अनशन पर बैठे थे।

अपना अनशन ख़त्म करते हुए अन्ना हजारे ने कहा:

“कृषि लागत एवं मूल्य आयोग (CACP) को स्वायत्त दर्जा देने, लोकायुक्त विधेयक महाराष्ट्र विधानसभा के अगले सत्र में सदन के पटल पर रखने और लोकपाल के लिए उच्चतम न्यायालय की समय सीमा का पालन करने, इन तीन माँगों के लिए मैंने अपना आंदोलन शुरू किया थासरकार द्वारा मुझे दिए गए आश्वासन से मैं संतुष्ट हूँ और मैं अपना अनशन खत्म कर रहा हूँ

मुख्यमंत्री फडणवीस ने बताया कि 13 फरवरी को लोकपाल सर्च कमिटी की बैठक होगी, जिसमें सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के अनुरूप आगे का निर्णय लिया जाएगा। बता दें कि मंगलवार (फरवरी 5, 2019) को अन्ना का अनशन 7वें दिन में प्रवेश कर गया था, जिसके बाद उनका रक्तचाप और शुगर बढ़ गया। उनके वज़न में भी 5 किलोग्राम की कमी दर्ज की गई। अन्ना निम्नलिखित माँगों को लेकर अनशन पर बैठे थे:

  • केंद्र में लोकपाल एवं राज्यों में लोकायुक्तों की नियुक्ति
  • चुनाव सुधार
  • कृषि संकट के समाधान
  • स्वामीनाथन आयोग की अनुशंसाओं को लागू करना
जूस पी कर अनशन तोड़ते अन्ना (फोटो साभार: CMO Maharashtra)

अन्ना हजारे से मिलने मुख्यमंत्री व अन्य केंद्रीय मंत्रीगण उनके पैतृक गाँव रालेगण सिद्धि पहुँचे। राधा मोहन सिंह की अध्यक्षता में बनने वाली लोकपाल सर्च कमिटी में अन्ना के सहयोगी सोनपाल शास्त्री भी होंगे। कमिटी एक निश्चित समय में खाका तैयार करेगी, जिस पर केंद्र सरकार निर्णय लेगी। अन्ना ने सरकार के साथ अपनी चर्चा को सकारात्मक बताया।

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

नसीरुद्दीन के भाई जमीर उद्दीन शाह ने की हिंदू-मुस्लिम के बीच शांति की वकालत, भड़के इस्लामी कट्टरपंथियों ने उन्हें ट्विटर पर घेरा

जमीर उद्दीन शाह वही व्यक्ति हैं जिन्होंने गोधरा दंगे पर गुजरात की तत्कालीन मोदी सरकार के खिलाफ झूठ फैलाया था।

‘उस समय माहौल बहुत खौफनाक था…’: वे घाव जो आज भी कैराना के हिंदुओं को देते हैं दर्द, जानिए कैसे योगी सरकार बनी सुरक्षा...

योगी सरकार की क्राइम को लेकर जीरो टॉलरेस की नीति ही वह सुरक्षा कवच है जो कैराना के हिंदुओं को भरोसा दिलाती है कि 2017 से पहले का वह दौर नहीं लौटेगा, जिसकी बात करते हुए वे आज भी सहम जाते हैं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
152,380FollowersFollow
413,000SubscribersSubscribe