Monday, July 26, 2021
Homeविविध विषयअन्यकिसानों-कर्मचारियों को तोहफ़े: हरियाणा के 'मनोहर' बजट की मुख्य बातें

किसानों-कर्मचारियों को तोहफ़े: हरियाणा के ‘मनोहर’ बजट की मुख्य बातें

'प्रजा सुखे सुखं राजः प्रजानां च हिते हितम्। नात्मप्रियं प्रियं राजः प्रजानां तु प्रियं प्रियम्। यानी की प्रजा के सुख में सरकार का सुख है, प्रजा के हित में सरकार का हित है, प्रजा को जो प्रिय है, वही सरकार को प्रिय है।'

वित्त मंत्री कैप्टेन अभिमन्यु द्वारा आज सोमवार (फरवरी 25, 2019) को पेश किए गए हरियाणा बजट में किसानों एवं सरकारी कर्मचारियों सहित सभी वर्गों के लिए तोहफ़ों की भरमार है। यह मनोहर लाल खट्टर सरकार के कार्यकाल का आख़िरी बजट भी है। वित्त मंत्री अभिमन्यु ने बजट पेश करने के लिए विधानसभा प्रस्थान करने से पहले हवन किया। ₹1,32,000 करोड़ के इस बजट में किसानों पर विशेष ध्यान दिया गया है। केंद्र में पीएम किसान निधि की ही तर्ज पर राज्य में किसान पेंशन योजना का प्रस्ताव किया गया है, जिस पर सरकार को कुल ₹1500 करोड़ ख़र्च आएँगे।

कैप्टेन अभिमन्यु ने कौटिल्य के अर्थशास्त्र से अपना बजट अभिभाषण शुरू किया। उन्होंने कौटिल्य के इस प्राचीन पुस्तक से उद्धरण लेते हुए कहा- ‘प्रजा सुखे सुखं राजः प्रजानां च हिते हितम्। नात्मप्रियं प्रियं राजः प्रजानां तु प्रियं प्रियम्। यानी कि प्रजा के सुख में सरकार का सुख है, प्रजा के हित में सरकार का हित है, प्रजा को जो प्रिय है, वही सरकार को प्रिय है।’ राज्य सरकार द्वारा अपने बजट में कृषि विभाग के लिए ₹3884.33 करोड़ का प्रस्ताव किया गया। इसमें कृषि, पशुपालन, मत्स्यपालन और बागवानी के लिए अलग-अलग फंड जारी किए गए।

₹750 करोड़ की कुल लागत से शाहबाद चीनी मिल में 60 केएलपीडी का एथनोल प्लांट लगाने का प्रावधान किया गया है। पीएम किसान की तर्ज पर शुरू किए गए किसान पेंशन योजना से ₹15,000 मासिक से कम आय वाले और पाँच एकड़ तक की भूमि के किसान परिवारों को लाभ होगा। इस बार का कृषि बजट 2018-19 के ₹3670.29 करोड़ बजट की तुलना में 4.5% ज्यादा है। 

इसके अलावा स्वास्थ्य क्षेत्र पर भी ख़ास ध्यान दिया गया है। वित्त मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार गुणवत्तापरक स्वास्थ्य सेवाएँ मुहैया करवाने के लिए प्रतिबद्ध है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण क्षेत्र के लिए वर्ष 2019-20 में ₹5,040.65 करोड़ आवंटित करने का प्रस्ताव किया गया है, जोकि वर्ष 2018-19 के ₹4,486.91 करोड़ के संशोधित अनुमान परिव्यय पर 12.3% की वृद्धि है।

उच्च शिक्षा के लिए 2019-20 के लिए ₹2,076.68 करोड़ के परिव्यय का प्रस्ताव किया गया। यह बजट अनुमान 2018-19 पर 17.1% की वृद्धि को दिखाता है। इसके अलावा बिजली सेक्टर का विशेष ध्यान रखा गया है। लंबित बिजली बकाया सम्बंधित समस्याओं के समाधान के लिए ‘बिजली निपटान योजना’ की शुरुआत की गई। इसके तहत कई घरेलू बिजली उपभोक्ताओं के बिल माफ़ कर दिए गए। सब्सिडी पर बिजली की दरें घटाकर आधी कर दी गई। वित्तमंत्री ने बजट अभिभाषण का समापन कौटिल्य की इन पंक्तियों के साथ किया:

“कर लेने वाले को करदाता से उसी कुशलता से कर लेना चाहिए जैसे एक मधुमक्खी फूल पर बैठकर उससे पराग लेती है और फूल का कुछ भी नहीं बिगड़ता।”

हरियाणा विधानसभा के बजट सत्र की कार्यवाही यहाँ देखें

इस बार के बजट में किसी प्रकार के नए कर का प्रावधान नहीं है। 2019-20 के लिए सैनिक एवं अर्ध-सैनिक विभाग कल्याण के लए ₹211.30 करोड़ का बजट प्रस्तावित है, जो बजट अनुमान 2018-19 के ₹128.81 करोड़ से 64% अधिक है। जबकि कर्मचारी राज्य बीमा स्वास्थ्य के लिए ₹172.49 करोड़ का बजट दिया गया।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘कारगिल कमेटी’ पर कॉन्ग्रेस की कुण्डली: लोकतंत्र की सुरक्षा के लिए राष्ट्रीय सुरक्षा राजनीतिक दृष्टिकोण का न हो मोहताज

हमें ध्यान में रखना होगा कि जिस लोकतंत्र पर हम गर्व करते हैं उसकी सुरक्षा तभी तक संभव है जबतक राष्ट्रीय सुरक्षा का विषय किसी राजनीतिक दृष्टिकोण का मोहताज नहीं है।

असम-मिजोरम बॉर्डर पर भड़की हिंसा, असम के 6 पुलिसकर्मियों की मौत: हस्तक्षेप के दोनों राज्‍यों के CM ने गृहमंत्री से लगाई गुहार

असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने ट्वीट कर बताया कि असम-मिज़ोरम सीमा पर तनाव में असम पुलिस के 6 जवानों की जान चली गई है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
111,341FollowersFollow
393,000SubscribersSubscribe