Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयमुस्लिम नर्सों ने चर्च पर कब्जा कर गाया इस्लामी गीत: पाकिस्तान में ईसाई स्टाफ...

मुस्लिम नर्सों ने चर्च पर कब्जा कर गाया इस्लामी गीत: पाकिस्तान में ईसाई स्टाफ पर ईशनिंदा का मढ़ा आरोप

मामला लाहौर में बने एक मेंटल हॉस्पिटल का है। यहाँ हॉस्पिटल के भीतर एक चर्च है। कुछ दिन पहले इस चर्च पर मुस्लिम नर्सों ने कब्जा कर इस्लामी गीत गाया। कथिततौर पर इस दौरान ईसाई स्टाफ को धमकी देते हुए कहा गया कि या तो वह धर्म परिवर्तन करें वरना उनपर ईशनिंदा का आरोप लगा दिया जाएगा।

पाकिस्तान में अल्पसंख्यकों पर होने वाले अत्याचार की आए दिन नई तस्वीर सामने आती है। हालिया मामला लाहौर में बने एक मेंटल हॉस्पिटल का है। यहाँ हॉस्पिटल के भीतर एक चर्च है। कुछ दिन पहले इस चर्च पर मुस्लिम नर्सों ने कब्जा कर इस्लामी गीत गाया। कथिततौर पर इस दौरान ईसाई स्टाफ को धमकी देते हुए कहा गया कि या तो वह धर्म परिवर्तन करें वरना उनपर ईशनिंदा का आरोप लगा दिया जाएगा।

पाकिस्तान के अल्पसंख्यकों के लिए आवाज उठाने वाले एक्टिविस्ट राहत ऑस्टिन ने इस मुद्दे को उठाया। उनके मुताबिक ये मामला ईसाई नर्स से जुड़ा है, जिनपर ईशनिंदा का इल्जाम लगाने के बाद उनकी लिंचिंग का प्रयास हुआ और साथ ही चर्च पर कब्जा करके वहाँ गीत गुनगुनाया गया। कट्टरपंथियों की माँग थी कि अस्पताल से हर गैर मुस्लिम कर्मचारी को निकाला जाए, सिर्फ इसलिए क्योंकि उनमें से एक ईशनिंदा का आरोपित है।

समहति संवाद के अनुसार, अप्रैल में यहाँ दो ईसाई नर्सों पर ईशनिंदा कानून के उल्लंघन का आरोप लगा, जिन्हें उनकी किसी मुस्लिम सहकर्मी ने इस्लामिक स्टिकर खराब करते देखा था।

वहीं पाकिस्तान की मशहूर पत्रकार नायला इनायत ने इस मामले को उजागर करते हुए बताया कि ईसाई नर्सों के खिलाफ ईशनिंदा-हिंसा का यह तीसरा बड़ा मामला है। उन्होंने बताया कि इसी साल कराची में एक नर्स और फैसलाबाद में एक नर्स के खिलाफ कथित ईशनिंदा कानून के तहत मामला दर्ज किया गया है।

अब पाकिस्‍तानी मुस्लिम नर्सों के इस कृत्‍य की सोशल मीडिया में जमकर आलोचना हो रही है। यूजर्स का कहना है कि कट्टरपंथ के मामले में पाकिस्तान कभी नहीं बदलेगा। वहीं कुछ का पूछना है कि क्या ये चर्च छीनने की कोशिश थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

किसी को बेल मिली तो घर नहीं जा सका, कोई अब तक जेल में… संसद की सुरक्षा में सेंधमारी को सामान्य बनाना चाह रहे...

हर पीढ़ी में ऐसे युवा होते हैं जो व्यवस्था बदलना चाहते हैं। लेकिन ये भी समझना जरूरी है कि व्यवस्था बदलने और कानून तोड़ने में अंतर होता है।

PM की हत्या की साजिश, संसद में घुसने का प्रयास और पुलिस पर पथराव: Insta रील से इतर समझें ‘कॉकरोचों’ का एजेंडा, कैसे ठगे...

एकतरफा नैरेटिव को ध्वस्त करने वाली CJP प्रदर्शन यह दूसरी तस्वीरें भी दिखें, जिनमें हिंसक भीड़ ने पुलिस पर पथराव किया, 'मोदी-बीजेपी मुर्दाबाद' के नारे लगाकर असल छात्रों को बरगलाया।
- विज्ञापन -