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रूस में 10 बच्चे पैदा करने वाली माँ को मिलेगा सम्मानः यूक्रेन से युद्ध के बीच पुतिन का ऐलान, स्टालिन जमाने का ‘मदर हिरोइन’ अवॉर्ड लौटा

जिनका 10वाँ बच्चा एक साल की उम्र पूरी कर लेगा वो माताएँ भी इस पुरस्कार की हकदार होंगी। इसके अलावा युद्ध, आतंकवादी हमले या किसी आपात स्थिति में अगर माँ अपना बच्चा खो देती है तो भी वो इस अवॉर्ड की हकदार होंगी।

रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने 10 या इससे ज्यादा बच्चे पैदा करने वाली महिलाओं को सम्मानित करने का फैसला लिया है। 10 या उससे ज्यादा बच्चों को पैदा करके पालने वाली महिला को ‘मदर हीरोइन’ (Mother Heroin) अवॉर्ड से सम्मानित किया जाएगा। रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच तेजी से गिरती जनसंख्या को देखते हुए ये फैसला लिया गया है।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार इस पुरस्कार के साथ माताओं को 16,138 डॉलर यानी एक मिलियन रूबल की एकमुश्त राशि दी जाएगी। 10 या उससे ज्यादा बच्चे पैदा करने वाली माँ का रूसी संघ की नागरिक होना जरूरी है। जिनका 10वाँ बच्चा एक साल की उम्र पूरी कर लेगा वो माताएँ भी इस पुरस्कार की हकदार होंगी। इसके अलावा युद्ध, आतंकवादी हमले या किसी आपात स्थिति में अगर माँ अपना बच्चा खो देती है तो भी वो इस अवॉर्ड की हकदार होंगी।

कब और क्यों हुई थी ‘मदर हीरोइन’ अवॉर्ड की शुरुआत

दरअसल, “मदर हीरोइन” अवॉर्ड की शुरुआत पहली बार 1944 में पूर्व सोवियत नेता जोसेफ स्टालिन ने की थी। द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान एक बड़ी आबादी के मारे जाने के कारण इसकी घोषणा की गई थी। हालाँकि, 1991 में सोवियत संघ के पतन के साथ ही इस अवॉर्ड से माताओं को सम्मानित किया जाना भी बंद कर दिया गया था।

मदर हीरोइन अवॉर्ड को ‘हीरो ऑफ रूस और ‘हीरो ऑफ लेबर’ जैसी उपाधियों के बराबर ही प्रतिष्ठित माना जाता है। रूस के बाल दिवस समारोह से एक दिन पहले 1 जून को, पुतिन ने मूल रूप से मदर हीरोइन की उपाधि की घोषणा करने का सुझाव दिया था।

बता दें कि हाल के दशकों में, रूस की जनसंख्या में लगातार गिरावट देखी गई है। 2022 की शुरुआत में 400,000 लोगों की गिरावट के बाद यहाँ कुल जनसंख्या गिरकर 145.1 मिलियन हो गई। इसी कारण से जनसंख्या को एक बार फिर से बढ़ाने के लिए रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने ‘मदर हीरोइन’ अवॉर्ड की शुरुआत की है। जिससे महिलाओं को अधिक से अधिक बच्चे पैदा करने के लिए प्रेरित किया जा सके।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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