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‘मैंने सद्भावना में बुला क्या लिया, राजनीति करने दौड़े चले आए राहुल गॉंधी, अब उनकी कोई जरूरत नहीं’

प्रशासन की अपील को अनसुना कर श्रीनगर पहुॅंचे कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गॉंधी और उनके साथ गए अन्य विपक्षी नेताओं को एयरपोर्ट से ही दिल्ली वापस लौटा दिया गया था।

जम्मू-कश्मीर से बैरंग लौटाए गए कॉन्ग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गॉंधी और अन्य विपक्षी नेताओं को राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने खरी-खरी सुनाई है। मलिक ने कहा है, “मैंने उन्हें सद्भावना में बुलाया था। लेकिन, उन्होंने राजनीति शुरू कर दी। उनकी यह हरकत राजनीति के अलावा कुछ नहीं। राजनीतिक दलों को ऐसे वक्त में राष्ट्र हित को तरजीह देनी चाहिए।”

राज्यपाल ने कहा, “अब उनकी यहॉं कोई जरूरत नहीं है। उनकी जरूरत तब थी जब उनके साथी संसद में बोल रहे थे। यदि वे यहॉं आकर माहौल बिगाड़ना और दिल्ली में बोले गए झूठ को ही दोहराना चाहते हैं तो यह सही नहीं है।”

इससे पहले जम्मू-कश्मीर के हालात जानने के लिए विपक्षी नेताओं के साथ पहुॅंचे राहुल गाँधी को श्रीनगर एयरपोर्ट से बाहर नहीं निकलने दिया गया था। सभी नेताओं को वहॉं से वापस दिल्ली भेज दिया गया। राहुल के साथ गए नेताओं में गुलाम नबी आज़ाद, डी राजा, शरद यादव, मनोज झा, मजीद मेमन शामिल थे।

जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने शुक्रवार (अगस्त 23, 2019) रात को ही इन नेताओं से अपनी यात्रा टालने की अपील की थी। प्रशासन का कहना था कि उनके घाटी में आने से शांति-व्यवस्था और आम जनजीवन बहाल करने में बाधा पहुँचेगी। इसके बावजूद, राहुल 8 दलों के 11 विपक्षी नेताओं के साथ श्रीनगर पहुँच गए थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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