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ओमप्रकाश राजभर के बेटे ने पत्रकार अशोक श्रीवास्तव को पिटाई की दी धमकी, बाद में डिलीट किया ट्वीट: सपा के साथ है गठबंधन

अरुण राजभर ने वरिष्ठ पत्रकार को लिखा, "आपकी पिटाई भी होनी चाहिए। दलाली करने का अवार्ड आप जैसे पत्तलकारों को मिलना चाहिए।" इस ट्वीट के बाद उनका विरोध हुआ और उन्हें अपना ट्वीट डिलीट करना पड़ा।

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में आयोजित संयुक्त प्रेसवार्ता के अंत में सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के करीब आकर उनसे सवाल करने पर उनके सुरक्षाकर्मी ने जिस तरह पत्रकार को धक्का दिया, उस घटना की वीडियो जगह-जगह वायरल है। इसी संबंध में दूरदर्शन के वरिष्ठ पत्रकार अशोक श्रीवास्तव ने भी ट्विटर पर अपना मत रखते हुए घटना का विरोध किया था, जिसके बाद उन्हें सुहेलदेव भारतीय समाज के राष्ट्रीय अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर के बेटे अरुण राजभर ने उन्हें खुलेआम पिटाई की धमकी दी।

बता दें कि अखिलेश यादव के सामने पत्रकार के साथ हुई बदसलूकी मामले में अशोक श्रीवास्तव ने लिखा था, “जब सपा सरकार थी तब पत्रकार जगेंद्र को एक मंत्री के खिलाफ लिखने पर ज़िंदा जला दिया था। आज गाजियाबाद में अखिलेश यादव के सामने उनके बॉडीगार्ड्स ने पत्रकार खालिद चौधरी की पिटाई की। नई सपा या वही सपा ?”

इस ट्वीट के बाद अरुण राजभर ने वरिष्ठ पत्रकार को लिखा, “आपकी पिटाई भी होनी चाहिए। दलाली करने का अवार्ड आप जैसे पत्तलकारों को मिलना चाहिए।”

बता दें कि अरुण राजभर के इस ट्वीट के बाद ट्विटर पर हंगामा हो गया। कई यूजर्स ने एक वरिष्ठ पत्रकार के लिए ऐसे अपमानजनक शब्दों का इस्तेमाल करने पर अरुण राजभर की निंदा की। साथ ही इसे एक धमकी बताया। अपने ट्वीट पर बवाल होता देख अरुण राजभर ने इस ट्वीट को डिलीट कर दिया है। लेकिन इसके स्क्रीनशॉट अब भी सोशल मीडिया पर वायरल हैं। अशोक श्रीवास्तव ने भी इस ट्वीट पर यूपी पुलिस को टैग किया है। कुछ लोग इस विषय पर चुनाव आयोग से अपील कर रहे हैं कि वो इस पर संज्ञान लें।

उल्लेखनीय है कि समाजवादी पार्टी की प्रेसवार्ता में पत्रकार से हुई बदसलूकी पर अरुण राजभर क्यों भड़के, इसके लिए जानना जरूरी है कि इस बार प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी के ख़िलाफ़ समाजवादी पार्टी के साथ उनकी पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी का गठबंधन है। पार्टी के महासचिव अरुण राजभर ने पिछले साल अक्टूबर में इसकी जानकारी खुद दी थी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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