सुप्रीम कोर्ट ने प्रतिबंधित संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (पीएफआई) के आठ सदस्यों की जमानत रद्द कर दी है। कोर्ट ने कहा, राष्ट्रीय सुरक्षा हमेशा सर्वोपरि है।
दिल्ली हाईकोर्ट ने आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के पाँच सदस्यों को आईपीसी की धारा 121ए के तहत अपराध के लिए दी गई सजा को बदलकर उम्रकैद से 10 साल के कठोर कारावास में बदल दिया।
PFI द्वारा बिहार के जिलों में शारीरिक शिक्षा के नाम पर मुस्लिम युवाओं को आतंक की ट्रेनिंग दी जा रही थी। बिहार में इन ठिकानों पर PFI अब तक 15000 से अधिक मुस्लिम युवाओं को अस्त्र-शस्त्र चलाने की ट्रेनिंग दे चुकी है।