याचिका में दावा किया गया है कि नूँह में वर्ष 2011 में 20 फीसदी हिंदू थे, लेकिन अब ये घटकर 10-11 फीसदी रह गए हैं। वहीं तब्लीगी जमात के संरक्षण में इस्लाम को मानने वालों की आबादी तेजी से बढ़ी है।
एक सर्च ऑपरेशन के दौरान CRPF की 45वीं बटालियन पर आतंकियों ने गोली चलाई थी। बकौल चेतन चीता, उनके पास बच कर निकलने का मौका था, लेकिन उन्होंने गोलियों का सामना करना उचित समझा।
जब कुछ लुटेरे गिरफ्तार हुए तो फरीदाबाद पुलिस ने लिखा, "कहता है फ़ैज़, इम्मी और आदिल कि लॉकडाउन में धंधा मंदा था इसीलिए लूट-लूट खेल रहे थे। असल में इन तीनों की बुद्धि मंद थी। पुलिस ने सीटी बजा दी है।