जिन्हें दोषी साबित किया गया है, उनके नाम हैं - नस्सर, साजिल, नजीब, नौशाद, कुंजू और अयूब। वहीं शफीक, अजीज, रफ़ी, सुबैर और मंसूर को दोषमुक्त करार दिया गया।
NIA की टीम रियाजुद्दीन के घर पर भी गई, जहाँ से उसने 2 मोबाइल फोन अपने कब्ज़े में ले लिया है। हिरासत में लिया गया युवक अरबी भाषा का जानकार है जो ट्रांसलेशन किया करता था।
भारत में रोबोट से आतंकी हमले की साजिश रची गई थी। इसके लिए आतंकी संगठन इस्लामिक स्टेट (ISIS) ने मुस्लिम युवाओं को रोबोटिक्स की पढ़ाई करने के हुक्म दिए थे।
टेरर फंडिग से जुड़े संदिग्धों की तलाश में कश्मीर के 7 जिलों के 15 अलग-अलग ठिकानों पर राष्ट्रीय जाँच एजेंसी NIA ने छापेमारी की। पिछले 20 दिन में 7 जगह रेड मारी जा चुकी है।