अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में मोज्जिन के पद पर तैनात मौलवी द्वारा 9 साल की नाबालिग के साथ डरा धमकाकर दुष्कर्म के मामले में मुकदमा दर्ज कर आरोपित के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। वहीं, एएमयू मेंबर इंचार्ज साफे किदवई ने बताया कि शिकायत मिलने पर मौलाना को तत्काल पद से हटा दिया गया है और रिपोर्ट तलब की जा रही है।
बिनॉय को डिंडोशी सेशन कोर्ट से अग्रिम ज़मानत मिल गई थी। हालाँकि, अदालत ने उसे DNA टेस्ट कराने का आदेश दिया है क्योंकि DNA टेस्ट ही एकमात्र ऐसा सबूत रहेगा जिससे इस मामले पर फ़ैसला लिया जाएगा।
राजस्थान पुलिस ने महिला के साथ गैंगरेप किया और चोरी के एक मामले में अवैध रूप से तकरीबन 8 दिनों तक उसे हिरासत में रखा। इसके साथ ही पीड़िता ने ये भी आरोप लगाया कि पुलिसवालों ने जबरन कुछ कागजातों पर अँगूठा लगवाया, इसके अलावा बलात्कार और देवर की हत्या वाली बात किसी को नहीं बताने की धमकी भी दी।
एक दिन फराज ने महिला को फोन कर नगीना बुलाया। प्यार का झाँसा देकर उससे निकाह करने की बात कही। फराज ने अक्टूबर, 2016 में मौलवी को बुलवाकर अपने तीन दोस्तों के सामने पहले उसका धर्म परिवर्तन करवाया फिर मौलाना से फर्जी निकाह पढ़वा दिया। इसके बाद उसने महिला के साथ शारीरिक संबंध बनाए और 5 लाख रुपए भी लिए। कुछ दिन तक सब ठीक चलता रहा, लेकिन कुछ दिन बाद वह महिला से दूरियाँ बनाने लगा।
बच्ची मदरसे में पढ़ने गई थी। वहीं मौक़ा देखकर मौलवी ने उसके साथ रेप किया। कोर्ट में मामले की सुनवाई हुई तो बच्ची ने तुरंत मौलवी को पहचान लिया और पूरी घटना के बारे में बताया। सबा करीम नाम के मौलवी पर सख्ती बरतते हुए कोर्ट ने...
नाबालिग आरोपित ने सबसे पहले बुजुर्ग महिला के मुँह में कपड़ा ठूँस दिया, जिससे वह चिल्ला न सके और विरोध करने पर उसने बुजुर्ग महिला को जान से मारने की धमकी दी। महिला ने जब शोर मचाया तो घर के लोग और ग्रामीण पहुँचे, इसके बाद उन्होंने आरोपित युवक को पकड़ लिया और उसकी जमकर पिटाई की।
नाबालिग की माँ दिहाड़ी मजदूर हैं। 3 जुलाई को नाबालिग लड़की और उसकी दादी के बीच में किसी बात को लेकर बहस हो गई, इसके बाद लड़की ने गुस्से में अपना घर छोड़ दिया। इसी का फायदा उठाकर सबीना और मुबीना ने उसे बहलाया-फुसलाया। फिर उसे निशा के घर ले गईं जहाँ...
फ़ारुख़ 3 वर्ष पहले भी बलात्कार के प्रयास के आरोप में जेल की हवा खा चुका है। उस समय उसने एक युवती का बलात्कार करने की कोशिश की थी। फ़ारुख़ अव्वल दर्जे का नशेड़ी है और वह नशे की हालत में इधर-उधर भटकता रहता था।
पीड़िता के साथ उक्त घटना तब हुई, जब वह साइकिल से स्कूल पढ़ने जा रही थी। जब गाड़ी में उसके साथ बलात्कार किया जा रहा था, तब उसके लाख चीखने-चिल्लाने के बावजूद उसकी आवाज़ बाहर नहीं पहुँच पा रही थी।
पुलिस ने बताया कि आरोपितों के ख़िलाफ़ भारतीय दंड संहिता की धारा 366 (ए) के तहत 10वीं कक्षा की छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोप में मामला दर्ज कर लिया गया है।