सनातन धर्म को खत्म करने की बात करने वाले उदयनिधि स्टालिन के खिलाफ देश के कई हिस्सों में प्रदर्शन हो रहे हैं। झारखंड के हजारीबाग में पुतला दहन किया गया।
सुप्रीम कोर्ट ने नफरत फैलाने वाले बयानों की बढ़ती संख्या देखकर औपचारिक शिकायत दर्ज होने का इंतजार किए बिना राज्य सरकार और पुलिस अधिकारियों को स्वत: कार्रवाई करने का निर्देश दिया था। लेकिन, तमिलनाडु पुलिस ने ऐसा नहीं किया।
ममता बनर्जी ने कहा, "हम जानते हैं कि सभी वेद, आराधना और वंदना से मिले हैं। मेरी सरकार बहुत सारे पुरोहितों को पेंशन देती है। वे धार्मिक कार्यों का आयोजन करते हैं।"
पेरियार ने तब कहा था कि किसी विवाहित और गैर-मर्द का संबंध ज़रूरी है, अपराध नहीं है। पेरियार ने श्रीराम की तस्वीर को चप्पल मरवाई थी। सुपरस्टार रजनीकांत ने कहा था - नहीं माँगूँगा माफ़ी।
पेरियार ने ब्राह्मणों के नरसंहार और उनके घरों को जलाने का ऐलान किया था। इससे खफा नेहरू ने उसे 'सनकी' और 'विकृत दिमाग वाला व्यक्ति' कहा। नेहरू ने कहा था कि किसी भी सभ्य देश में ऐसी बर्बर घटना से उनका सामना नहीं हुआ।
हिन्दू धर्म को गाली देना भारतीय राजनीति का 'न्यू नॉर्मल' है, इसकी आदत डाल लीजिए। इनका कद ऐसा है कि इनका कोई कुछ नहीं बिगाड़ सकता। जो करना है, हिन्दू एकता से ही होगा। उदयनिधि स्टालिन, मल्लिकार्जुन खड़गे, स्वामी प्रसाद मौर्य या चंद्रशेखर यादव - सब विपक्ष के नए प्रयोग का हिस्सा हैं।