Saturday, April 13, 2024
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खुद न्यूड होकर तस्वीरें बेच रही हैं लड़कियाँ-महिलाएँ… आखिर क्या है मजबूरी, जानिए OnlyFans का बिजनेस मॉडल

OnlyFans के दिसंबर तक 90 मिलियन से अधिक यूजर्स और 01 मिलियन से अधिक 'कंटेंट क्रिएटर' हो चुके थे, जो कि 2019 में महज 1,20,000 के आसपास हुआ करते थे।

कोरोना महामारी हर किसी के लिए एक जैसी नहीं रही है। कुछ लोगों ने इस बीच बहुत कुछ खो दिया तो कुछ लोग ऐसे भी हैं, जिन्हें अपने रोज के गुजारे के लिए बहुत कठिन कदम भी उठाने पड़े होंगे। सवाना बेनाविडेज़ (Savannah Benavidez) नाम की एक महिला ने अपने 2 साल के बेटे की देखभाल करने के लिए जून में अपनी नौकरी छोड़ दी थी। वह एक एक मेडिकल बिलर के रूप में काम करती थी। लेकिन अपने खर्च उठाने के लिए उसे कुछ काम की अब भी जरूरत थी।

न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार, 23 साल की बेनाविडेज़ ने इसके लिए ‘ओनली फैंस’ (OnlyFans) नाम के एक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अकाउंट बनाया। ‘ओनली फैंस’ पर यूजर्स मासिक चार्ज पर ग्राहकों को ओरिजिनल सामग्री बेचते हैं। सवाना नेअपने ओनली फैंस अकाउंट पर अपनी नग्न तस्वीरें पोस्ट करनी शुरू कर दीं।

ऐसा कर के बेनाविडेज़ ने जुलाई माह से अब तक करीब 64,000 डॉलर कमा लिए, जिससे उसने सिर्फ अपना रोजाना का खर्चा ही नहीं उठाया बल्कि अपना किराए देने से लेकर कार के पेमेंट तक किया। इस पर बेनाविडेज़ का कहना है कि उसने अपनी नग्न तस्वीरें बेचकर इतने रूपए कमा लिए जितने वो अपनी नौकरी पर रहते नहीं कमा सकी और अब उसे ये तक मालूम नहीं कि आखिर वो इन रुपयों से करेगी क्या?

सवाना की ही तरह रूपए कमाने का सपना लेकर रेस्टोरेंट में काम करने वाली लेक्सी ऐग्जेंबर्गर (Lexi Eixenberger) ने भी OnlyFans पर अकाउंट बनाया। 22 साल की लेक्सी को कोरोना महामारी के बीच तीन बार नौकरी खोनी पड़ी। इस वजह से अक्टूबर माह तक उसे रुपयों की इतनी जरूरत हुई कि उसे डेंटल हाइजीन स्कूल छोड़ना पड़ा। उसने जीने के लिए प्लाज्मा डोनेट करने जैसे काम भी किए लेकिन ऐसा कर के भी उसकी जरूरतों लायक खर्च भी नहीं उठ सका। इसके बाद लेक्सी ने भी ओनली फैन्स की ओर रुख किया और अब तक केवल 500 डॉलर कमाए हैं।

ब्रिटेन की OnlyFans, 2016 में सामने आया था, जिसकी लोकप्रियता में कोरोना महामारी के दौरान जमकर उछाल आया। दिसंबर तक इसके 90 मिलियन से अधिक यूजर्स और 01 मिलियन से अधिक ‘कंटेंट क्रिएटर’ हो चुके थे, जो कि 2019 में महज 1,20,000 के आसपास हुआ करते थे।

लाखों अमेरिकियों के बेरोजगार होने के साथ ही, बेनाविडेज़ और लेक्सी जैसे कुछ लोग अपने और अपने परिवार की जरूरतों को पूरा करने के लिए ‘ओनली फैंस’ का सहारा ले रहे हैं। कोरोना वायरस की महामारी ने महिलाओं और खासकर बच्चों का पोषण करने वाली उन महिलाओं पर बड़ा और गहरा प्रभाव डाला है, जो रेस्टॉरेन्स, या फिर कोई अन्य रोजगार के जरिए अपना परिवार चला रहीं थीं।

एंजेला जोन्स नाम की समाजशास्त्र की एक एसोसिएट प्रोफेसर का कहना है कि बहुत से लोग हताशा और डिप्रेशन के चलते ‘ओनली फैन्स’ की ओर रुख करते हैं। ये वे लोग हैं जो अपने पेट भरने को लेकर चिंतित हैं, और किसी भी तरह अपना गुजारा करनेको लेकर हताश हैं।

लेकिन ऐसे प्रयोग में हर किसीको सवाना बेनाविडेज़ जैसी कामयाबी नहीं मिली। लेक्सी जैसे ही दर्जनों और हैं, जो बड़ी रकम बनाने का ख़्वाब देखकर ‘ओनली फैंस’ से जुडी लेकिन उनके हाथ सिर्फ नाकामयाबी आई क्योंकि वो महज कुछ सौ डॉलर से ज्यादा बमुश्किल कमा सके। यही नहीं, ऐसा करने के बाद उनकी भविष्य में कोई और नौकरी पाने की भी संभावना काम हो जाती हैं।

इस प्लेटफॉर्म पर सबसे अधिक और ‘सफल’ कंटेंट डालने वालों में मॉडल, पोर्न स्टार और सेलिब्रिटी होते हैं, जिनके पास पहले से ही बड़ी सोशल मीडिया फॉलोइंग होती है। वे अन्य प्लेटफॉर्म्स के जरिए अपने फ़ॉलोअर्स को उनके ‘OnlyFans’ अकाउंट तक ले ही आते हैं।

जबकि, बहुत से कंटेंट क्रिएटर, जो धन के अभाव में इस प्लेटफॉर्म से जुड़ते हैं, उनके पास बड़ी सोशल मीडिया फॉलोइंग भी नहीं होती या किसी भी तरह से लगातार बिजनेस को बनाए रखने का कोई तरीका नहीं होता। इसके अलावा, अपनी पहचान और ‘ओनली फैंस’ अकाउंट को अपने परिवार या पीयर ग्रुप्स से गोपनीय बनाए रखना एक और चैलेंज उनके सामने होता है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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