राहुल गाँधी के करीबी सैम पित्रोदा ने एक बार फिर भारत के दुश्मनों के लिए प्रेम दिखाया है। सैम पित्रोदा ने कहा है कि भारत को अपनी विदेश नीति में सबसे पहले अपने पड़ोसियों पर ध्यान देना चाहिए, क्योंकि उन्हें पाकिस्तान, बांग्लादेश और नेपाल में ‘घर जैसा महसूस’ होता है।
पित्रोदा का यह बयान उस वक्त आया है जब कुछ समय पहले ही पाकिस्तानी आतंकियों ने पहलगाम में हिंदुओं की निर्मम हत्या की थी। जब भारत में खून बहाया जा रहा है, तब राहुल गाँधी के खास आदमी को पाकिस्तान में अपनापन महसूस हो रहा है।
बीजेपी नेता प्रदीप भंडारी ने सैम पित्रोदा के बयान पर तीखा हमला बोला है। प्रदीप भंडारी ने एक्स (पहले ट्विटर) पर लिखा, “राहुल गाँधी के चहेते और कॉन्ग्रेस के विदेश प्रमुख सैम पित्रोदा कहते हैं कि उन्हें पाकिस्तान में ‘घर जैसा’ महसूस हुआ।”
प्रदीप भंडारी ने आगे कहा, “कोई आश्चर्य नहीं कि UPA सरकार ने 26/11 हमले के बाद भी पाकिस्तान के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की।” प्रदीप भंडारी ने आखिरी में लिखा, “पाकिस्तान का चहेता, कॉन्ग्रेस का चुना हुआ”
सैम पित्रोदा का विवादित बयान
इंडियन ओवरसीज कॉन्ग्रेस के प्रमुख सैम पित्रोदा ने कहा कि भारत को अपने पड़ोसियों के साथ अच्छे संबंध बनाने चाहिए और हमारे पड़ोसी देश मुश्किल समय से गुजर रहे हैं, इसलिए उनसे लड़ना सही नहीं है। सैम पित्रोदा ने माना कि इन देशों में हिंसा और आतंकवाद जैसी समस्याएँ हैं, लेकिन फिर भी हमें उनके साथ शांति और सद्भाव से रहना सीखना चाहिए।
Watch: Indian Overseas Congress chief Sam Pitroda says, "Our foreign policy, according to me, must first focus on our neighbourhood. Can we really substantially improve relationships with our neighbours?… I've been to Pakistan, and I must tell you, I felt at home. I've been to… pic.twitter.com/DINq138mvW
— IANS (@ians_india) September 19, 2025
सैम पित्रोदा ने अपने बयान को सही साबित करने के लिए पाकिस्तान का उदाहरण दिया। सैम पित्रोदा ने कहा, “मैं पाकिस्तान गया हूँ, और मुझे कहना पड़ेगा कि मुझे वहाँ घर जैसा महसूस हुआ। मैं बांग्लादेश और नेपाल भी गया हूँ, और वहाँ भी मुझे घर जैसा महसूस हुआ।” सैम पित्रोदा ने आगे कहा कि ये देश उन्हें विदेशी नहीं लगते, क्योंकि यहाँ के लोग उन्हीं की तरह दिखते हैं, उन्हीं की तरह बात करते हैं, उन्हीं के गाने पसंद करते हैं और उन्हीं जैसा खाना खाते हैं।
सैम पित्रोदा ने यह भी कहा कि मैं देश के युवाओं से अनुरोध करना चाहता हूँ कि वे राहुल गाँधी के साथ खड़े हों। उनकी आवाज के साथ अपनी आवाज मिलाएँ। राहुल गाँधी ने GenZ से अपील की थी कि वे आगे आएँ और देश के लोकतंत्र की रक्षा करें।
शाहिद अफरीदी का राहुल गाँधी पर बयान
इसी बीच, पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी ने भी भारत में राजनीतिक विवादों को हवा दी है। शाहिद अफरीदी ने कहीं ना कहीं मौजूदा सरकार पर हमला करते हुए कहा, “ये सरकार अपने आपको पावर में लाने के लिए हिंदू-मुस्लिम कार्ड खेलती है और यह बहुत गंदा किस्म का माइंडसेट है।”
Shahid Afridi, who supported te₹or!st Yasin Malik and demanded Kashmir's separation, is now attacking Modi govt and praising Rahul Gandhi.
— Saffron Chargers (@SaffronChargers) September 16, 2025
That says it all… pic.twitter.com/1Ps7yHhhSi
इसके तुरंत बाद शाहिद अफरीदी राहुल गाँधी की तारीफ करते हुए दिखे। शाहिद अफरीदी ने कहा, “राहुल गाँधी की बात करू तो, राहुल बहुत पॉजिटिव माइंडसेट के हैं। वो (राहुल) दुनिया के साथ चलना चाहता है।” इसके बाद शाहिद अफरीदी बोलते हैं कि एक इजरायल कम था, जो दूसरा इजरायल बनने की कोशिश की जा रही है।
यह वही शाहिद अफरीदी हैं, जिसने यासीन मलिक जैसे आतंकियों का समर्थन किया था और कश्मीर के अलगाव की माँग की थी। शाहिद अफरीदी के बयान और सैम पित्रोदा के विचार एक ही धारा में दिखते हैं, जिसमें भारत की सत्ता को अस्थिर करने और पाकिस्तान के साथ संबंध सुधारने की कोशिशें साफ नजर आती हैं।
यह हैरान करने वाली बात है कि एक तरफ पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी राहुल गाँधी की तारीफ कर रहे है और दूसरी तरफ राहुल गाँधी के करीबी सैम पित्रोदा पाकिस्तान की तारीफ कर रहे हैं। ऐसा लगता है कि यह कोई संयोग नहीं है। यह दिखाता है कि एक तरफ कुछ लोग भारत के खिलाफ काम कर रहे हैं और दूसरी तरफ राहुल गाँधी के खास आदमी उन देशों से अच्छे संबंध बनाने की बात कर रहे हैं, जहाँ से आतंकवाद को बढ़ावा मिलता है।


