Homeदेश-समाजकॉन्ग्रेस कॉरपोरेटर शहज़ाद ख़ान समेत 49 दंगाई हिरासत में: शाह-ए-आलम में पुलिस पर हुआ...

कॉन्ग्रेस कॉरपोरेटर शहज़ाद ख़ान समेत 49 दंगाई हिरासत में: शाह-ए-आलम में पुलिस पर हुआ था जानलेवा हमला

पुलिस ने बताया कि अहमदाबाद के सभी विरोध-प्रदर्शन वाली जगहों से कुल 213 उपद्रवियों को हिरासत में लिया गया है। हिरासत में लिए गए लोगों में कॉन्ग्रेस नेता जिग्नेश मेवाणी भी शामिल थे।

अहमदाबाद के शाह-ए-आलम इलाक़े में मुस्लिम भीड़ द्वारा नागरिकता क़ानून के विरोध में हिंसा की गई। पुलिसकर्मियों पर जानलेवा हमला किया गया। इन आरोपों में अहमदाबाद पुलिस ने कॉन्ग्रेस कॉरपोरेटर शहज़ाद खान पठान समेत 49 दंगाईयों को हिरासत में लिया है।

देश गुजरात नामक न्यूज वेबसाइट के अनुसार, हिंसा भड़काने के आरोप में जिन लोगों हिरासत में लिया गया है, उन सभी को इसानपुर पुलिस स्टेशन ले जाया गया है।

पुलिस ने बताया कि अहमदाबाद के सभी विरोध-प्रदर्शन वाली जगहों से कुल 213 उपद्रवियों को हिरासत में लिया गया है। हिरासत में लिए गए लोगों में कॉन्ग्रेस नेता जिग्नेश मेवाणी भी शामिल थे।

इससे पहले, यह ख़बर भी आई थी कि नागरिकता संशोधन क़ानून (CAA) का विरोध करने वाली मुस्लिम भीड़ ने जिग्नेश मेवाणी के वडगाम निर्वाचन क्षेत्र में हिंसक प्रदर्शन किया और उसने छपी-पालनपुर राजमार्ग को भी अवरुद्ध कर दिया गया था। यहाँ जमा हुई भीड़ जल्द ही हिंसक हो गई और उसने एक पुलिस वैन पर हमला कर दिया।

शाह-ए-आलम में, मुस्लिम भीड़ ने उग्र प्रदर्शन किया और पुलिसकर्मियों के ख़िलाफ़ अँधाधुँध पथराव किया। इस हिंसा से जुड़े कई हैरान कर देने वाले वीडियो भी सामने आए, इनमें मुस्लिम भीड़ ने न सिर्फ़ पुलिस पर पथराव किया था बल्कि भीड़ के एक हिस्से ने एक पुलिसकर्मी को गोली मारने की भी कोशिश की थी।

यहाँ इस बात पर ग़ौर किया जाना बेहद ज़रूरी है कि देश के कई क्षेत्रों में नागरिकता संशोधन क़ानून के ख़िलाफ़ व्यापक विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। धारा-144 लागू होने के बावजूद दंगाईयों की भीड़ ने विरोध-प्रदर्शनों के लिए पत्थर और औजार जुटाए। इससे पहले, आपइंडिया ने ख़ुलासा किया था कि पूरे देश में, विशेषकर विश्वविद्यालयों में नागरिकता क़ानून के विरोध में विरोध-प्रदर्शन आयोजन करने में NSUI एक सक्रिय भागीदार के तौर पर था। NSUI ने अहमदाबाद में ‘विरोध प्रदर्शन’ की योजना बनाई थी।

यह भी पढ़ें: जिग्नेश मेवाणी के नेतृत्व में विरोध-प्रदर्शन करती मुस्लिमों की भीड़ हुई हिंसक, पुलिस वैन पर हमला

कट्टरपंथी इस्लामी संगठन से चंदा लेने वाले जिग्नेश मेवाणी ने फैलाई फेक न्यूज़, लपेटा PM मोदी को भी

वायरल Whatsapp चैट से खुलासा: प्रशांत भूषण और योगेंद्र यादव गिरोह ने रची थी हिंसा की बड़ी साज़िश

जामिया हिंसा पर FIR: कॉन्ग्रेस का पूर्व MLA आसिफ खान भी था शामिल, दंगाइयों के साथ छात्रों ने भी की पत्थरबाजी

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

₹15 लाख करोड़ के संदिग्ध रेवेन्यू से SEBI की कार्रवाई तक: जानिए कौन हैं राजेश मेहता और क्यों घिरी उनकी कंपनी Rajesh Exports

सिक्योरिटी एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) ने राजेश एक्सपोर्ट्स लिमिटेड और उसके प्रबंध निदेशक राजेश मेहता के खिलाफ कई गंभीर आरोप लगाए हैं।

पंजाब के ‘शिक्षा सुधारों’ का श्रेय लेने पर कॉन्ग्रेस और AAP में जंग, पढ़े- जब दिल्ली में केजरीवाल पर शीला दीक्षित के काम को...

पंजाब के शिक्षा क्षेत्र में नंबर-1 बनने के दावे पर विवाद। जानिए AAP और कॉन्ग्रेस के दावों के बीच पूरा रियलिटी चेक और शिक्षा सुधार की टाइमलाइन।
- विज्ञापन -