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शिवसेना नेताओं ने मस्जिद के सामने भीड़ जुटने का ठीकरा ABP पर फोड़ा, अल्लाह का नाम गूँजने पर साधी चुप्पी

मंत्री अनिल देशमुख ने कहा है कि जिन्होंने भी अफवाह फैलाई है, उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाएगी। कई शिवसेना नेताओं ने भी एबीपी का वीडियो शेयर कर के दावा किया कि उसने फेक न्यूज़ फैलाई, जिससे लोगों की भीड़ जुटी। हालाँकि, मस्जिद के सामने भीड़ जुटने और अल्लाह का नाम लिए जाने पर उन्होंने चुप्पी साधी हुई है।

महाराष्ट्र के मुंबई स्थित बांद्रा में एक मस्जिद के सामने हज़ारों लोगों की भीड़ जुट गई और लोगों को अल्लाह के नाम पर समझाया जा रहा था। जैसा कि मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने कहा, किसी ने अफवाह फैला दी थी और इसी अफवाह के कारण वहाँ लोग जुट गए। हालाँकि, अफवाह किसने फैलाई, इस पर सीएम चुप्पी साध गए। अब ख़बर आई है कि एबीपी माझा ने एक न्यूज़ चलाई थी, जिसमें कहा गया था कि रेलवे ने मजदूरों के लिए विशेष ट्रेन का प्रावधान किया है, जिससे उन्हें अपने घर जाने का मौका मिलेगा।

अगर ऐसा है कि ये सवाल भी उठ रहे हैं कि किस सूत्र ने एबीपी को इस तरह की ख़बर दी थी? वेस्टर्न रेलवे ने ऐसी किसी भी ख़बर को नकार दिया है। अब महाराष्ट्र के गृह मंत्रालय ने भी इसी चैनल पर आरोप लगाया है। मंत्री अनिल देशमुख ने कहा है कि जिन्होंने भी अफवाह फैलाई है, उनके ख़िलाफ़ कार्रवाई की जाएगी। कई शिवसेना नेताओं ने भी एबीपी का वीडियो शेयर कर के दावा किया कि उसने फेक न्यूज़ फैलाई, जिससे लोगों की भीड़ जुटी। हालाँकि, मस्जिद के सामने भीड़ जुटने और अल्लाह का नाम लिए जाने पर उन्होंने चुप्पी साधी हुई है।

कहा जा रहा है कि महाराष्ट्र का गृह मंत्रालय भी इसी ख़बर को भीड़ जुटने की वजह मान रहा है। फिर ये सवाल उठता है कि तब पुलिस और प्रशासन क्या कर रहा था, जब ये भीड़ जुटनी शुरू हुई। क्या पुलिस देखती रही और भीड़ जुटती रही? क्या महाराष्ट्र सरकार ने न्यूज़ चैनल से सम्पर्क कर के बताया कि स्पेशल ट्रेनें नहीं चलेंगी?

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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