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कोरोना कोई बीमारी नहीं… अल्लाह के सामने गिड़गिड़ाकर माफी माँगने से ही खत्म होगी: SP सांसद शफीकुर्रहमान बर्क

इससे पहले सपा सांसद एसटी हसन ने कोरोना वायरस संक्रमण के लिए मोदी सरकार को जिम्मेदार ठहराते हुए कहा था कि यह सब इसलिए हो रहा है क्योंकि भाजपा सरकार ने शरीयत में दखल दी है।

मुरादाबाद से समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद एसटी हसन के बाद अब संभल के सांसद शफीकुर्रहमान बर्क ने भी विवादित बयान दिया है। सपा सांसद बर्क का कहना है कि कोरोना कोई बीमारी नहीं है, बल्कि आजादे इलाही है जो अल्लाह के सामने गिड़गिड़ाकर माफी माँगने से ही खत्म होगी।

बर्क ने कहा कि कोरोना अगर बीमारी होती तो इसका इलाज मिल गया होता। कोरोना की यह बीमारी आजादे इलाही है जो अल्लाह के सामने गिड़गिड़ाकर माफी माँगने से ही खत्म होगी। वे यहीं नहीं रुके। सपा सांसद ने यह भी कह दिया कि मौजूदा भाजपा सरकार ने न केवल इस्लामिक कानून शरीयत के साथ खिलवाड़ किया है, बल्कि लड़कियों से रेप, मॉब लिंचिंग और कई जुल्म-ज्यादतियाँ करवाई की जिसके कारण ही कोरोना जैसी आसमानी आफत आई है।

सपा सांसद शफीकुर्रहमान बर्क ने कहा कि उन्होंने तो पहले ही कह दिया था कि कोरोना कोई बीमारी है ही नहीं। बर्क ने कहा कि उन्होंने पहले ही मुस्लिमों के लिए मस्जिदों और ईदगाहों में नमाज पढ़ने की माँग की थी लेकिन सरकार ने इसकी इजाजत नहीं दी और आज सरकार की इन्हीं गलतियों के कारण आसमानी आफत आई है। बर्क अक्सर अपने बयानों के कारण चर्चा में रहते हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा राम मंदिर के शिलान्यास को गैर-कानूनी करार दिया था और कहा था कि सत्ता और हिन्दुत्व के बल पर सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई से फैसला लिखाया गया है।

इससे पहले सपा सांसद डॉक्टर एसटी हसन ने विवादित और गैर-जिम्मेदाराना बयान दिया था। उन्होंने कोरोना वायरस संक्रमण के दौरान हुई मौतों और पिछले दिनों देश में आए दो चक्रवातों के लिए मोदी सरकार को जिम्मेदार ठहराया था और कहा था कि यह सब इसलिए हो रहा है क्योंकि भाजपा सरकार ने शरीयत में दखल दी है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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