Homeसोशल ट्रेंडPM मोदी ने फैन को बर्थडे विश कर चौंकाया, साथ ही तिब्बती धर्मगुरु दलाई...

PM मोदी ने फैन को बर्थडे विश कर चौंकाया, साथ ही तिब्बती धर्मगुरु दलाई लामा को जन्मदिन की शुभकामनाएँ दे चीन को चिढ़ाया

यूजर ने अपने दोस्त से मजाक में ये बात कही थी कि वो पीएम से कहे कि उसे वह मुबारकबाद दें। लेकिन कुछ देर में ये मजाक सच हो गया। प्रधानमंत्री ने ट्वीट में लिखा, "हैप्पी बर्थडे या जैसा कि आप बता रहे हैं डेक्सट्रोदिवस...."

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार (6 जुलाई, 2021) को अपने एक ट्वीट से अपनी फैन को खुश कर दिया। दरअसल, सोशल मीडिया पर @dextrocardiac नाम की एक यूजर आईडी ने अपने दोस्तों से बात करते हुए इच्छा जाहिर की थी कि प्रधानमंत्री उसे जन्मदिन की शुभकामनाएँ दें। इसके लिए यूजर ने अपने फ्रेंड से रिक्वेस्ट भी की। बाद में यही रिक्वेस्ट पीएम तक पहुँची और उन्होंने यूजर को जन्मदिन पर विशेष शुभकामना दी।

यूजर ने अपने दोस्त से मजाक में ये बात कही थी कि वो पीएम से कहे कि उसे वह मुबारकबाद दें। लेकिन कुछ देर में ये मजाक सच हो गया। प्रधानमंत्री ने ट्वीट में लिखा, “हैप्पी बर्थडे या जैसा कि आप बता रहे हैं डेक्सट्रोदिवस….”

इस ट्वीट के बाद तो जैसे फैन के पाँव जमीन पर टिके ही नहीं। यूजर ने खुशी खुशी में ट्वीट शेयर करते हुए खुद को सबसे ज्यादा खुशकिस्तमत जिंदा इंसान बताया।

ऑपइंडिया से बात करते हुए यूजर ने कहा, “मै सातवें आसमान पर हूँ। अब भी खुद को चुटकी काट रही हूँ कि मुझे प्रधानमंत्री ने शुभकामना दी, साथ ही उन्होंने इसे डेक्स्ट्रोदिवस कहा, बिलकुल अविश्वसनीय।” बता दें कि यूजर एक 25 वर्षीय डॉक्टर हैं जो सरकारी अस्पताल में काम करती हैं। उन्होंने अपना नाम गुमनाम रखने का निर्णय लिया है। हम उन्हें उनके जन्मदिवस पर शुभकामनाएँ देते हैं।

बता दें कि पीएम मोदी ने अपने फैन को हैप्पी बर्थडे बोलने के अलावा तिब्बती आध्यात्मिक गुरु दलाई लामा को भी बधाई दी। पीएम ने दलाई लामा के 86वें जन्मदिन पर उनके साथ टेलीफोन पर बातचीत की और उनके लंबे और स्वस्थ जीवन की कामना की। इस बारे में उन्होंने खुद ट्वीट कर बताया। जिसके बाद कई तिब्बती बेहद खुश नजर आए। उनका मानना है कि इससे चीन को कड़ा संदेश जाएगा।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

नरेंद्र मोदी स्टेडियम से SVP स्पोर्ट्स एन्क्लेव तक: समझें भारत का स्पोर्ट्स कैपिटल बनने की दिशा में कैसे आगे बढ़ रहा है अहमदाबाद

आज जब अहमदाबाद स्पोर्ट्स कैपिटल की बात होती है, तो यह सिर्फ एक नारा नहीं, बल्कि धीरे-धीरे आकार लेती एक वास्तविकता जैसा लगता है।

आयातित नहीं अनादि है भारत की सभ्यता, विदेशी प्रोपेगेंडा फैलाना बंद करो: मोहनजोदड़ो की पशुपति मुहर पर ‘एलामाइट प्रभाव’ बताने वाली ऑड्रे ट्रुश्के की...

पशुपति मुहर को लेकर फिर शुरू हुई इतिहास की बहस। संस्कृति मंत्रालय, ऑड्रे ट्रुश्के और भारतीय विद्वानों के तर्कों के बीच समझिए पूरा विवाद।
- विज्ञापन -