आरफा को भारत के 'हिंदू राष्ट्र' कहलाए जाने से दिक्कत है, क्योंकि आरफा के दिमाग में गलतफहमी है कि भारत में संस्कृति और सभ्यता का विकास मुगलों के आने के बाद हुआ।
सोशल मीडिया पर वामपंथी और इस्लामी कट्टरपंथी जहाँ मुस्लिम पक्ष का नैरेटिव फैलाने में जी-तोड़ मेहनत कर रहे हैं वहीं बीबीसी ने प्रयास किया कि मामले से मजहबी एंगल बिलकुल दूर ही रखें।
हकीकत ये है कि योगी आदित्यनाथ ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर अत्याचार का मुद्दा उठाया जरूर था लेकिन उन्होंने इस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया ही नहीं। न उन्होंने पीएम को लेकर ऐसी भाषा बोली है।