सर्वोच्च अदालत का ये फैसला हमारे लिए एक नया सवेरा लेकर आया है।
इस विवाद का भले ही कई पीढ़ियों पर असर पड़ा हो, लेकिन इस फैसले के बाद हमें ये संकल्प करना होगा कि अब नई पीढ़ी, नए सिरे से न्यू इंडिया के निर्माण में जुटेगी।
भगवान राम को घर- घर पहुॅंचाने में तुलसीदास कृत रामचरितमानस की भूमिका अतुलनीय है। अयोध्या में रामलला को उनकी जमीन कानूनी तौर पर वापस दिलाने में ऐसी ही भूमिका भारतीय वकालत के भीष्म पितामह कहे जाने वाले पराशरण ने निभाई है।
अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद से गोगोई रामभक्तों की आँखों के तारे बन गए हैं। कोई प्रणाम करने के लिए उनका घर ढूँढ़ रहा है तो कोई उन पर ईश्वर की कृपा बने रहने की कामना कर रहा है।
जजों ने इस बात का ख्याल रखा है कि कोई भी लिबरल, अजेंडाबाज़ रवीश टाइप पत्रकार, टुटपुँजिया कॉमेडियन, पंक्चर के काम करने वाले 'हा-हा' रिएक्शन ब्रीड के लौंडे या मीम का फैक्ट चेक करने वाले गंजे आदि छूट न जाएँ क्योंकि दर्द तो बहुत हुआ होगा।
फासिस्ट फकीरा ने सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले को 'न्याय' न बताकर 'निर्णय' करार दिया और लिखा कि INDIA को आज आधिकारिक रूप से HINDU REPUBLIC घोषित किया गया है।
सुप्रीम कोर्ट ने बहुप्रतीक्षित फ़ैसला सुनाया दिया है। अयोध्या की पूरी विवादित ज़मीन रामलला की है। मंदिर वहीं बनेगा। मस्जिद के लिए अयोध्या में ही कहीं और 5 एकड़ ज़मीन दी जाएगी।
सुप्रीम कोर्ट ने साफ़-साफ़ कहा कि हिन्दू विवादित ज़मीन पर अंग्रेजों के आने से पहले से ही पूजा करते आ रहे हैं। कोर्ट ने 1934 के दंगे का जिक्र करते हुए बताया कि भीतरी हिस्सा उसी वक़्त गंभीर विवाद का विषय बन गया था।
रिटायर होने से पहले जस्टिस गोगोई कई और अहम मामलों में फैसला सुना सकते हैं। इनमें सबरीमाला रिव्यू पिटिशन, राफेल रिव्यू पिटिशन, राहुल गाँधी पर अवमानना का मुकदमा, फाइनेंस एक्ट 2017 की वैधता जैसे मामले शामिल हैं।
ट्रस्ट बनाने और मंदिर निर्माण की योजना के लिए तीन महीने का वक्त सरकार को दिया गया है। साथ ही शीर्ष अदालत ने कहीं और मस्जिद बनाने के लिए सुन्नी वक्फ बोर्ड को 5 एकड़ जमीन देने का भी निर्देश दिया है। अदालत ने कहा कि बोर्ड अपना दावा साबित करने में नाकाम रहा।
गृह मंत्री अमित शाह ने अपने आवास पर एक उच्च स्तरीय सुरक्षा बैठक बुलाई है। इस बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल, इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के प्रमुख अरविंद कुमार और अन्य वरिष्ठ अधिकारी...