वो सभी मजहबी बैठकों में भाग ले रहे थे। बिजनौर पुलिस ने वीजा नियमों का हवाला देते हुए बताया कि कोई भी विदेशी नागरिक टूरिस्ट वीजा लेकर मजहबी गतिविधियाँ संचालित नहीं कर सकता। इस सम्बन्ध में मस्जिद प्रशासन से भी रिपोर्ट माँगी गई है।
ख़ान और बिस्मिल की दोस्ती की आज भी कसम खाई जाती है। दोनों ही कविताओं के शौक़ीन थे और दोनों के ही मन में भारत को आज़ाद कराने का जज्बा था। दिसंबर 19, 1927 को क्रूर ब्रिटिश सरकार ने दोनों को अलग-अलग जेलों में फाँसी पर लटका दिया।
मुंबई के वर्ली में स्थित सीजे हाउस को लेकर जो डील हुई थी, उसमें हुमायूँ मर्चेंट का भी रोल था। सीजे हाउस को मिलेनियम डेवेलपर्स ने बनाया था और उसमें इक़बाल मिर्ची की बीवी हाजरा और उसके दोनों बेटों को संपत्ति दी गई थी।
दर्जनों टीएमसी कार्यकर्ताओं ने बंदूकों और हथियार के साथ शंकरी बागड़ी के घर को घेर लिया। टीएमसी और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई, तो टीएमसी के कार्यकर्ताओं ने गोलीबारी शुरू कर दी। इस दौरान शंकरी बागड़ी को गोली जा लगी। झड़प में 6 अन्य भाजपा समर्थक भी घायल हो गए हैं।
अशफ़ाक़ और उसके हत्यारे साथी ने सिर्फ़ कमलेश तिवारी की ही नहीं बल्कि 'हिन्दू समाज पार्टी' के उत्तर प्रदेश प्रकोष्ठ के अध्यक्ष गौरव गोस्वामी को भी मारने की योजना बना रहे थे। इसीलिए प्लानिंग के तहत सूरत से लखनऊ आते समय उन्होंने गोस्वामी को कॉल कर के कमलेश तिवारी के दफ्तर आने की काफ़ी जिद की थी। गोस्वामी ने काम ज्यादा होने के कारण इनकार कर दिया, जिससे...
इस नई नीति के तहत यह शर्त सिर्फ किसी को सरकारी नौकरी देते वक्त ही ध्यान में नहीं रखी जाएगी, बल्कि नौकरी के अंत तक सभी को इस नीति के हिसाब से यह ध्यान रखना होगा कि उनके बच्चों की संख्या दो से अधिक ना हो। बच्चों की संख्या दो से अधिक होने पर सरकारी नौकरी से उस व्यक्ति को निकाला भी जा सकता है।
यह फतवा दिवाली से कुछ दिन पहले ही आया है। ताकि मुस्लिम हिन्दू त्यौहार में शिरकत करने से दूर रहें। लेकिन ये जानने वाली बात है कि पटाखे शब-ए-बारात में भी बहुत स्तर पर इस्तेमाल होते हैं।
सुप्रीम कोर्ट द्वारा आईएनएक्स घोटाले मामले में पूर्व वित्त मंत्री पी चिदंबरम को जमानत मिल गई है। हालाँकि, चिदंबरम को अब भी घर नहीं जा पाएँगे, क्योंकि उन्हें ये राहत सीबीआई द्वारा दायर केस में मिली है। जबकि वह अब भी प्रवर्तन निदेशालय...
"यह गंभीर चेतावनी है इस मुल्क को और ये जंग खौफनाक हो सकती है। ये कन्वेंशनल युद्ध नहीं होगा। जो अक्ल के अंधे ये समझ रहे हैं कि 4-6 दिन टैंक, तोपें चलेंगी या हवाई जहाज, एयर अटैक होंगे या नेवी के गोले चलेंगे... नो वे!"
बरेली के एक मौलवी को हिरासत में लिया गया। एक ड्राइवर तौहीद को दबोचा गया। शाहजहाँपुर से लेकर पीलीभीत तक, हत्यारों को हर जगह से मदद मिल रही है। इस हत्याकांड के तार दुबई से भी जुड़े नज़र आ रहे हैं। उधर लखीमपुर क्षेत्र में एक टेरर फंडिंग के बड़े गैंग का खुलासा हुआ है।