Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीय'भारतीयों को हमारे यहाँ आने के लिए वीजा की जरूरत नहीं' - ब्राजील राष्ट्रपति...

‘भारतीयों को हमारे यहाँ आने के लिए वीजा की जरूरत नहीं’ – ब्राजील राष्ट्रपति ने किया ऐलान

भारत के नागरिकों के लिए इस फैसले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ब्रिक्स समिट में राष्ट्रपति बोल्सोनारो से मिलेंगे। ये समिट ब्राजील की राजधानी ब्रासीलिया में 13-14 नवंबर को आयोजित होगी।

ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोल्सनारो ने भारत और चीन के लोगों को तोहफा दिया है। उन्होंने कहा है कि उनकी सरकार इन दोनों देशों के पर्यटकों और व्यापारियों के लिए वीजा जरूरत को खत्म करेगी। यानी अब ब्राजील जाने के लिए वीजा की भाग-दौड़ से दोनों देशों के नागरिकों को छुटकारा मिलेगा।

उल्लेखनीय है कि इसी वर्ष चुनाव जीतकर राष्ट्रपति बने बोल्सनारो ने अपनी नीतियों को शुरू में ही स्पष्ट किया था। उन्होंने उसी दौरान कहा था कि उनकी सरकार विकासशील देशों के लिए वीजा की जरूरतों को खत्म करेगी।

लेकिन, भारत और चीनी नागरिकों के लिए ये घोषणा उन्होंने अपने बीजिंग के आधिकारिक दौरे से ठीक पहले की। बता दें कि इस योजना के अंतर्गत ये पहली बार है किसी विकासशील राष्ट्र के लिए ब्राजील ने अपने वीजा नियमों में बदलाव किया हो।

यहाँ बता दें कि इस साल की शुरुआत में ब्राजील की सरकार ने अमेरिका, कनाडा, जापान और ऑस्ट्रेलिया के यात्रियों और व्यापार से जुड़े लोगों के लिए वीजा आवश्यकताओं को समाप्त किया था, लेकिन इन देशों ने ब्राजील के नागरिकों के लिए अपनी वीजा जरूरतों को खत्म नहीं किया था।

अब भारत के नागरिकों के लिए इस फैसले के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ब्रिक्स समिट में राष्ट्रपति बोल्सोनारो से मिलेंगे। ये समिट ब्राजील की राजधानी ब्रासीलिया में 13-14 नवंबर को आयोजित होगी। जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी हिस्सा लेंगे। कहा जा रहा है प्रधानमंत्री और ब्राजील के राष्ट्रपति इस दौरान कई अहम मुद्दों पर समझौता कर सकते हैं। इससे पहले दोनों जी-20 समिट के दौरान मिले थे। जहाँ दोनों के बीच व्यापार और कूटनीतिक सहयोग बढ़ाने की बात हुई थी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

भगवान राम का अपमान, आजादी के नारे और तिरंगे से बदसलूकी: कॉकरोचों को ये तक नहीं पता कि वे क्यों आए हैं, पढ़ें- CJP...

कॉकरोचों के प्रदर्शन में छात्रों के मुद्दे नहीं बल्कि आजादी के नारे, डफली गैंग, तिरंगे से बदसलूकी और हिंदू देवी-देवताओं का अपमान दिखा। पढ़ें रिपोर्ट।

तमिलनाडु में द्रविड़ राजनीति के ‘घृणा मॉडल’ को अन्नामलाई की चुनौती, पेरियार नहीं, कलाम हैं आदर्श: समझें- ‘We The Change’ से राष्ट्रवाद का शंखनाद...

अन्नामलाई ने कहा कि तमिल संस्कृति-भाषा पर गर्व और भारत माता के प्रति समर्पित रहना एक-दूसरे के विरोधी नहीं, बल्कि एक ही सिक्के के दो पहलू हैं।
- विज्ञापन -