पत्थरों को तराशने का काम तब भी नहीं रूका था, जब 1992 में बाबरी मस्जिद के ध्वस्त होने के बाद विहिप और आरएसएस को 6 महीने के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया था। यह तब भी अनवरत रूप से चल रहा था।
महिला अधिकारी को बचाने के दौरान एक एसएचओ व कई पुलिसकर्मी भी घायल हो गए। हमलावर के बारे में अभी कुछ नहीं पता चल सका है, इसकी जाँच जारी है। इस घटना को संज्ञान में लेते हुए राष्ट्रीय महिला आयोग की चेयर पर्सन रेखा शर्मा ने जाँच की माँग की है।
यदि वकीलों ने लॉकअप को पहले तोड़ने की कोशिश की और उसमें असफ़ल रहने पर आगजनी का सहारा लिया, जैसा कि एडिशनल डीसीपी (नॉर्थ) का दावा है, तो यह निष्पक्ष और बेहद गंभीर जाँच का विषय होना चाहिए कि यह जेल तोड़ने का प्रयास महज़ गुस्से की अभिव्यक्ति था, या इसके पीछे कोई ठंडे दिमाग से बनाई गई योजना थी।
देश के कई मुस्लिम आज भी कबायली प्रवृतियों का अनुसरण करते नजर आते हैं। अल्पसंख्यक इलाकों में अशिक्षा, भुखमरी, दरिद्रता और तमाम प्रकार की गरीबी आज भी उसी तरह से नजर आती है, जिस हाल में बहादुर शाह जफ़र छोड़कर गए थे।
"रतुल पुरी न्यायिक हिरासत में होने के बावजूद अपनी गर्लफ्रेंड के जरिए सबूतों को नष्ट करने में लगे हैं और गवाहों को धमकी दे रहे हैं। पुरी के कई करीबी दोस्त और सहयोगी, जो उनके खिलाफ बयान दर्ज करने के लिए स्वेच्छा से एजेंसी के समक्ष पहले पेश हुए थे, उनको भी धमकी दी जा रही है।"
एक पूर्व मंत्री समेत 10 पूर्व विधायकों को भी ज़िला छोड़ने का नोटिस दिया गया है। यह चेतावनी भी दी गई है कि यदि वो फ़ैसले वाले दिन जिले में दिखाई दिए तो उनकी तुरंत गिरफ़्तारी होगी।
सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या के फैसले को देखते हुए गृह मंत्रालय ने सभी राज्यों को एडवाइजरी भेजी है। सभी राज्यों को फैसले को लेकर अलर्ट रहने के निर्देश दिए गए हैं। इसके साथ ही अतिरिक्त सुरक्षा के लिए गृह मंत्रालय ने अर्धसैनिक बलों की 40 कंपनियाँ भेजी हैं। इन 40 कंपनियों में...
सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश की अगुवाई वाली पाँच सदस्यीय बेंच ने लगातार चालीस दिन तक चली सुनवाई के बाद इस मामले में 16 अक्टूबर को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था। मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई 17 नवम्बर को रिटायर होने वाले हैं। इससे पहले फैसला आने की उम्मीद है।
"मुझे लगता है कि अदालत का फैसला हिन्दुओं के पक्ष में आएगा। यह सिर्फ हिन्दू या हिंदुस्तान का नहीं, बल्कि आस्था का मुद्दा है। सुप्रीम कोर्ट भी इस पर विचार करेगा, क्योंकि भगवान राम सिर्फ हिन्दुओं के नहीं बल्कि पूरे संसार के भगवान हैं।"
सीएफआई से जुड़े लोगों पर अपने से परे विचार रखने वाले लोगों की हत्या के गंभीर आरोप हैं। बावजूद इसके सोशल मीडिया में नैतिकता बघारने वाले गोपीनाथन ने उसके कार्यक्रम में अपने विचार रखे।