Friday, June 18, 2021
Home विविध विषय मनोरंजन 'गली बॉय जैसी वाहियात फिल्म को अवॉर्ड... और सुशांत को कहना पड़ता है -...

‘गली बॉय जैसी वाहियात फिल्म को अवॉर्ड… और सुशांत को कहना पड़ता है – मेरी फिल्में देखो, वरना इंडस्ट्री निकाल देगी’

"सुशांत ने इतनी अच्छी फिल्में कीं। मगर कभी कोई अवॉर्ड नहीं मिला। उन्होंने काय पो छे से डेब्यू किया। डेब्यू तक का अवॉर्ड नहीं मिला। उन्होंने केदारनाथ, धोनी और छिछोरे जैसी अच्छी फिल्में बनाईं। फिर भी कोई अवॉर्ड नहीं मिला। कोई सराहना नहीं मिली। वहीं, गली बॉय जैसी वाहियात फिल्म को अवॉर्ड मिल जाते हैं।"

बॉलीवुड अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की आत्महत्या के बाद अब हर जगह उनके द्वारा उठाए इस कदम पर चर्चाएँ हो रही हैं। इस दौरान हर मुद्दे पर बेबाकी से अपनी राय रखने वाली कंगना रनौत ने भी अपना एक बयान जारी किया है। कंगना ने करीब दो मिनट का वीडियो जारी कर बॉलीवुड इंडस्ट्री से सवाल पूछा है कि सुशांत की मौत आत्महत्या थी या प्लान्ड मर्डर?

कंगना कहती हैं, “सुशांत सिंह की मौत ने हम सबको झकझोर के रख दिया है। लेकिन वे लोग, जो इस चीज में माहिर हैं कि कैसे समानांतर नैरेटिव चलाया जाए, वो ये कहने लगे हैं कि जिनका दिमाग कमजोर होता है, वे डिप्रेशन में आते हैं और सुसाइड कर लेते हैं।”

कंगना ऐसे लोगों को जवाब देते हुए पूछती हैं कि जिस शख्स ने इंजिनियरिंग की, जो रैंक होल्डर था, वो दिमागी तौर पर कमजोर कैसे हो सकता है?

सुशांत के पुराने कमेंट्स व पोस्टों की ओर लोगों का ध्यान आकर्षित करवाते हुए कंगना कहती हैं कि सुशांत पिछले दिनों लोगों से कह रहे थे कि उनकी फिल्में देखें, उनका बॉलीवुड में कोई गॉड फादर नहीं है। अगर लोग उनकी फिल्में नहीं देखेंगे तो उन्हें इंडस्ट्री से निकाल दिया जाएगा।

कंगना रनौत उनके पुराने साक्षात्कारों पर बात करते हुए सवाल पूछती हैं कि सुशांत लगातार कहते थे, “मुझे नहीं मालूम कि मुझे इंडस्ट्री क्यों नहीं अपनाती? मुझे ऐसा लगता है कि मैं अकेला हूँ।” तो क्या ये सब बातें सुसाइड की बुनियाद नहीं थीं।

कंगना रनौत के अनुसार, बॉलीवुड के लिए सुशांत ने इतनी अच्छी फिल्में कीं। मगर उन्हें कभी कोई अवॉर्ड नहीं मिला। उन्होंने काय पो छे से डेब्यू किया। उन्हें डेब्यू तक का अवॉर्ड नहीं मिला। उन्होंने 6-7 साल के अंतराल में केदारनाथ, धोनी और छिछोरे जैसी अच्छी फिल्में बनाईं। मगर, फिर भी उन्हें कोई अवॉर्ड नहीं मिला। कोई सराहना नहीं मिली। वहीं, गली बॉय जैसी वाहियात फिल्म को अवॉर्ड मिल जाते हैं।

कंगना अपने वीडियो में आपबीती भी सुनाती हैं। वे बोलती हैं कि जो फिल्में वह खुद डायरेक्ट करती हैं, वे सुपरहिट भी होती हैं, तो उन्हें फ्लॉप कर दिया जाता है।

वे पूछती हैं, “मुझ पर 6 केस क्यों डाले गए? क्यों मुझे जेल में डालने की कोशिश हुई?” मिर्च मसाले लगाकार आर्टिकल लिखने वाले पत्रकारों को आड़े हाथों लेते हुए कंगना कहती हैं कि सुशांत के लिए जो लोग ये लिख रहे हैं कि वह साइकोटिक थे, न्यूरोटिक थे, एडिक्टेड थे… उन्हें संजय दत्त की एडिक्शन तो बहुत क्यूट लगती है।

कंगना बताती हैं कि सुशांत की सुसाइड के बाद उन्हें ऐसे मैसेज आ रहे हैं, “तुम्हारा बहुत मुश्किल समय है। तुम ऐसा-वैसा कोई कदम मत उठा लेना।”

कंगना अपनी नाराजगी बयान करते हुए पूछती हैं कि यह लोग उन्हें ऐसी बातें क्यों कहते हैं? क्या वह ये चीज दिमाग में डालना चाहते हैं कि वह सुसाइड कर लें। कंगना आगे सुशांत के संदर्भ में पूछती हैं कि यह सुसाइड थी या प्लान्ड मर्डर था?

सुशांत के कदम पर गुस्सा व्यक्त करते हुए कंगना बोलती हैं कि उनकी गलती बस इतनी थी कि वह ऐसे लोगों की बात मान गए। लोगों ने उनसे कहा कि तुम किसी लायक नहीं हो, तो वह इस बात को मान गए। उन्हें अपनी माँ की बात याद नहीं रही।

कंगना की मानें तो ऐसे लोग चाहते ही है कि वह स्वयं इतिहास लिखें और उसमें ये बताएँ कि सुशांत कमजोर दिमाग का था। वो लोग ये नहीं बताएँगे कि सच्चाई क्या थी। इसलिए हमें यह निर्णय लेना है कि कौन इतिहास को लिखेगा।

उल्लेखनीय है कि बॉलीवुड अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत ने रविवार (जून 14, 2020) को मुंबई के अपने घर में आत्महत्या कर ली थी। उनकी मौत उनके साथियों व प्रशंसकों के लिए किसी सदमे से कम नहीं है। सुशांत की आत्महत्या से हर कोई हैरान, स्तब्ध है। ऐसे में सोशल मीडिया पर कई तरह के पोस्ट देखने को मिले, जिसमें बिना सच्चाई को जाने-समझे लोगों ने उन्हें कोसा।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

मोदी कैबिनेट में वरुण गाँधी की एंट्री के आसार, राजनाथ बोले- UP में 2022 का चुनाव योगी के नाम

मोदी सरकार में जल्द फेरबदल की अटकलें कई दिनों से लग रही है। 6 नाम सामने आए हैं जिन्हें जगह मिलने की बात कही जा रही है।

ताबीज की लड़ाई को दिया जय श्रीराम का रंग: गाजियाबाद केस की पूरी डिटेल, जुबैर से लेकर बौना सद्दाम तक की बात

गाजियाबाद में मुस्लिम बुजुर्ग के साथ हुई मारपीट की घटना में कब, क्या, कैसे हुआ। सब कुछ एक साथ।

टिकरी बॉर्डर पर शराब पिला जिंदा जलाया, शहीद बताने की साजिश: जातिसूचक शब्दों के साथ धमकी भी

जले हुए हालात में भी मुकेश ने बताया कि किसान आंदोलन में कृष्ण नामक एक व्यक्ति ने पहले शराब पिलाई और फिर उसे आग लगा दी।

‘अब मूत्रालय का भी फीता काट दो’: AAP का ‘स्पीडब्रेकर’ देख नेटिजन्स बोले- नारियल फोड़ने से धँस तो नहीं गया

AAP नेता शिवचरण गोयल ने स्पीडब्रेकर का सारा श्रेय मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को दिया। लेकिन नेटिजन्स ने पूछ दिए कुछ कठिन सवाल।

वैक्सीन पर बछड़े वाला प्रोपेगेंडा: कॉन्ग्रेस और ट्विटर में गिरने की होड़ या दोनों का ‘सीरम’ सेम

कोरोना वैक्सीन पर ताजा प्रोपेगेंडा से साफ है कि कॉन्ग्रेसी नेता झूठ फैलाने से बाज नहीं आएँगे। लेकिन उतना ही चिंताजनक इस विषय पर ट्विटर का आचरण भी है।

राजनीतिक आलोचना बर्दाश्त नहीं, ममता सरकार ने की बड़ी संख्या में सोशल मीडिया पोस्ट्स ब्लॉक करने की सिफारिश: सूत्र

राज्य प्रशासन के सूत्रों से पता चला है कि हाल ही में पश्चिम बंगाल की ममता बनर्जी सरकार ने बड़ी संख्या में सोशल मीडिया पोस्ट्स को ब्लॉक करने की सिफारिश की।

प्रचलित ख़बरें

BJP विरोध पर ₹100 करोड़, सरकार बनी तो आप होंगे CM: कॉन्ग्रेस-AAP का ऑफर महंत परमहंस दास ने खोला

राम मंदिर में अड़ंगा डालने की कोशिशों के बीच तपस्वी छावनी के महंत परमहंस दास ने एक बड़ा खुलासा किया है।

‘भारत से ज्यादा सुखी पाकिस्तान’: विदेशी लड़की ने किया ध्रुव राठी का फैक्ट-चेक, मिल रही गाली और धमकी, परिवार भी प्रताड़ित

साथ ही कैरोलिना गोस्वामी ने उन्होंने कहा कि ध्रुव राठी अपने वीडियो को अपने चैनल से डालें, ताकि जिन लोगों को उन्होंने गुमराह किया है उन्हें सच्चाई का पता चले।

‘चुपचाप मेरे बेटे की रखैल बन कर रह, इस्लाम कबूल कर’ – मृत्युंजय बन मुर्तजा ने फँसाया, उसके अम्मी-अब्बा ने धमकाया

मुर्तजा को धर्मान्तरण कानून-2020 के तहत गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित को कोर्ट में पेश करने के बाद उसे जेल भेज दिया गया है।

पल्लवी घोष ने गलती से तो नहीं खोल दी राहुल गाँधी की पोल? लोगों ने कहा- ‘तो इसलिए की थी बंगाल रैली रद्द’

जहाँ यूजर्स उन्हें सोनिया गाँधी को लेकर इतनी महत्तवपूर्ण जानकारी देने के लिए तंज भरे अंदाज में आभार दे रहे हैं। वहीं राहुल गाँधी को लेकर बताया जा रहा है कि कैसे उन्होंने बेवजह वाह-वाही लूट ली।

टिकरी बॉर्डर पर शराब पिला जिंदा जलाया, शहीद बताने की साजिश: जातिसूचक शब्दों के साथ धमकी भी

जले हुए हालात में भी मुकेश ने बताया कि किसान आंदोलन में कृष्ण नामक एक व्यक्ति ने पहले शराब पिलाई और फिर उसे आग लगा दी।

भाई की आँखें फोड़वा दी, बीवी 14वें बच्चे को जन्म देते मरी: मोहब्बत का दुश्मन था हिन्दू-मुस्लिम शादी पर प्रतिबंध लगाने वाला शाहजहाँ

माँ नूरजहाँ को निकाल बाहर किया। ससुर की आँखें फोड़वा डाली। बीवी 14वें बच्चे को जन्म देते हुए मरी। हिन्दुओं पर अत्याचार किए। आज वही व्यक्ति लिबरलों के लिए 'प्यार का मसीहा' है।
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
104,567FollowersFollow
392,000SubscribersSubscribe