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‘ईश्वर की चेतावनी’ के बाद रजनीकांत ने त्यागा राजनीति में आने का प्लान, तमिलनाडु चुनाव में ‘थलाइवा’ की ‘नो एंट्री’

महावतार बाबाजी में आस्था रखने वाले सुपरस्टार रजनीकांत ने कहा कि ईश्वर ने उन्हें एक चेतावनी दी है, जिसका अनुपालन करते हुए वो राजनीति में नहीं आएँगे।

रक्तचाप समस्याओं के कारण सुपरस्टार रजनीकांत कुछ दिनों से अस्पताल में भर्ती थे। अब वहाँ से डिस्चार्ज होने के बाद उन्होंने अपने स्वास्थ्य का हवाला देते हुए कहा है कि वो राजनीतिक पार्टी की शुरुआत नहीं करेंगे। इससे पहले वो दिसंबर महीने के अंत में राजनीतिक दल शुरू करने को लेकर निर्णय लेने वाले थे। उन्होंने कहा कि ईश्वर ने उन्हें एक चेतावनी दी है, जिसका अनुपालन करते हुए वो राजनीति में नहीं आएँगे।

अपने प्रशंसकों के लिए उन्होंने ट्विटर पर एक पत्र लिख कर उनका आभार जताया और उन्हें जानकारी दी कि उनके अस्वस्थ होने की हालिया घटना ईश्वर की तरफ से उन्हें मिली एक चेतावनी थी, जिसके बाद उन्होंने राजनीतिक दल शुरू करने की योजना को रोक दिया है। तमिलनाडु में 2021 में विधानसभा चुनाव होने हैं और वहाँ ‘थलाइवा’ के नाम से पुकारे जाने वाले रजनीकांत की पोलिटिकल एंट्री का इंतजार सभी को था।

रजनीकांत ने ऐलान किया था कि वो ईश्वर से जुड़े हुए व्यक्ति हैं और इसीलिए उनकी राजनीति आध्यात्मिक किस्म की होगी। उन्होंने कहा कि कई लोग उन पर विश्वास करते हैं और वो नहीं चाहते कि वो लोग अपने-आप को ठगा हुआ महसूस करें, इसीलिए ये निर्णय लिया गया है। उन्होंने महामारी का हवाला देते हुए कहा कि इस परिस्थिति में उनका चुनाव प्रचार करना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि न्यूज़ मीडिया और सोशल मीडिया आपको जीत नहीं दिला सकता।

दिसंबर 12 को अपना 70वाँ जन्मदिन मनाने के बाद से ही उन्होंने अपनी फिल्म ‘Annathe’ की शूटिंग शुरू कर दी थी, लेकिन सेट पर कुछ लोगों को कोरोना होने के बाद वो भी रुक गई थी। अब उन्होंने कहा है कि उनके सेट पर ऐसी स्थिति आने के कारण उन्हें भी डॉक्टरों की निगरानी में रहने की सलाह दी गई है। उन्होंने इसका भी जिक्र किया कि कैसे अब ब्रिटेन में इस वायरस ने अपना रूप बदल लिया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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