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‘हिंदू सभ्यता का करते हैं सम्मान’: बदला गया ‘राम में रावण को देखने’ वाली फिल्म का नाम, हिंदुओं के विरोध का असर

फिल्म के बैन होने की माँग उठने के बाद सामने आए मेकर्स के बयान में लिखा है, "हमारे मन में हिंदू सभ्यता और रामायण को लेकर सम्मान है। फिल्म और उसका कोई भाग धार्मिक भावनाओं या मान्यताओं को ठेस नहीं पहुँचाता है।"

रावण और ‘माता सीता’ के बीच प्रेम और ‘श्रीराम’ में रावण को दिखाने वाली फिल्म ‘रावण लीला’ को लेकर हुए विरोध के बाद के बाद फिल्ममेकर्स ने इस फिल्म का नाम बदला है। अब फिल्म का नाम केवल ‘भवई’ है जो सिनेमाघरों में 1 अक्टूबर 2021 को रिलीज होगी।

पेन इंडिया लिमिटेड ने इस फिल्म में दिखाए गए आपत्तिजनक कंटेंट के मद्देनजर अपना बयान जारी करते हुए बताया, “(विवादित) डायलॉग और टाइटल ‘रावण लीला’ फिल्म का पार्ट नहीं हैं और अपने दर्शकों की भावनाओं की कदर करते हुए इन्हें प्रोमो से भी हटा दिया गया है।”

फिल्म के बैन होने की माँग उठने के बाद सामने आए मेकर्स के बयान में लिखा है, “हमारे मन में हिंदू सभ्यता और रामायण को लेकर सम्मान है। फिल्म और उसका कोई भाग धार्मिक भावनाओं या मान्यताओं को ठेस नहीं पहुँचाता है।”

फिल्म निर्माताओं ने यह जानकारी भी दी है कि ‘भवई’ नाम से रिलीज होने जा रही यह फिल्म सेंसर बोर्ड ने ‘यू’ कैटेगरी में पास कर दी है। इसके साथ ही वह कहते हैं, “हमें विश्वास है कि यह हमारी फिल्म के बारे में सभी गलत बयानी, संदेह और गलतफहमियों को स्पष्ट करता है।”

गौरतलब है रावण लीला का ट्रेलर रिलीज होने के बाद से ही इस फिल्म पर हिंदू समुदाय के लोग आपत्ति जता रहे थे। लोगों का आरोप था कि फिल्म में रावण और माँ सीता के बीच प्रेम दिखाया जा रहा है। इसके अलावा श्रीराम की तुलना रावण से हो रही है। कुछ लोग इस फिल्म को पूरी तरह बैन करने की बात कर रहे थे। उन्हें ये ठीक नहीं लग रहा था कि ऐसी फिल्में पर्दे पर किसी कीमत पर आएँ।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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