Tuesday, April 20, 2021
Home विविध विषय अन्य 13 जुलाई 2002 के पहले इंडियन क्रिकेट टीम... और टी-शर्ट लहराने के बाद की...

13 जुलाई 2002 के पहले इंडियन क्रिकेट टीम… और टी-शर्ट लहराने के बाद की टीम… और वो इंसान!

तब जिन टीमों का सिक्का चलता था, हर वह टीम स्लेजिंग में पारंगत थी। स्लेजिंग का हासिल भले कुछ नहीं था लेकिन विरोधी टीम पर दबाव खूब बनता था। ऐसे में 22 गज की पिच पर आए एक 'टाइगर' ने...

नब्बे का दशक था। तब क्रिकेट की दुनिया में कुछ ही टीमों का दबदबा था। जिन टीमों का सिक्का चलता था, उनके साथ कुछ चलन भी मशहूर थे – कुछ अच्छे तो कुछ बुरे। उस दौर का एक ऐसा ही चलन था ‘स्लेजिंग’। जिन क्रिकेट टीमों का दबदबा था, हर वह टीम स्लेजिंग में पारंगत थी। स्लेजिंग का हासिल भले कुछ नहीं था लेकिन विरोधी टीम पर दबाव खूब बनता था। 

नब्बे के एक दशक बाद का सीन – ऑस्ट्रेलियाई टीम मैदान में सामने वाली किसी भी टीम पर दबाव बना लेती थी। मैच के हर अहम पड़ाव पर उनकी टीम का कोई न कोई खिलाड़ी स्लेजिंग शुरू कर देता था। जिससे उनके विरुद्ध खेलने वाले खिलाड़ी पर भरपूर दबाव बने। उस दौर में भारतीय क्रिकेट टीम अपने नवीनीकरण के दौर से गुज़र रही थी, फिक्सिंग के मामलों से बाहर आई भारतीय क्रिकेट टीम के मुखिया बने थे सौरव गांगुली उर्फ़ ‘दादा’। 

एक समय के बाद दादा ने किसी भी टीम को भारतीय टीम पर हावी होने का मौक़ा नहीं दिया था। दादा की अगुवाई में टीम ने एक हुनर बखूबी सीखा कि मानसिक दबाव में रहते हुए कैसे बेहतर प्रदर्शन करना है। इस बात की तस्दीक करनी हो तो युवराज, हरभजन, सहवाग, कैफ और ज़हीर जैसे किसी भी खिलाड़ी की दादा पर राय सुनिए। ऐसी बातों का उल्लेख करते हुए साल 2002 के दौरान लॉर्ड्स में हुआ भारत और इंग्लैंड का मुकाबला कैसे भूला जा सकता है? 

इस जीत को भारतीय क्रिकेट टीम के इतिहास में सबसे यादगार क्षणों में एक माना जाता है। 13 जुलाई साल 2002 को हुए इस मुकाबले में इंग्लैंड मेज़बान था। इंग्लैंड की टीम ने पहले बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम को 325 रनों का लक्ष्य दिया था। भारतीय टीम ने लक्ष्य पूरा किया जबकि एक समय पर टीम 146 रन बना कर 5 विकेट खो चुकी थी। भले गांगुली और सहवाग ने टीम को अच्छी शुरुआत दी थी लेकिन बीच में पूरी टीम लड़खड़ा गई थी। 

लॉर्ड्स की बालकनी में बैठ कर सभी मैदान की तरफ निगाहें गड़ाए हुए थे और जैसे ही भारत ने लक्ष्य पूरा किया, हज़ारों की भीड़ के सामने दादा ने टी शर्ट उतार कर लहरा दी। फिरंगी धरती पर हुए इस मुकाबले के ज़रिए यह संदेश भी दिया कि इस भारतीय टीम का मिज़ाज कुछ और है। काफी लोग इस कदम को विवादित भी मानते हैं लेकिन उस वक्त के लिए जीत पर जज़्बात हावी थे, सिर्फ दादा के नहीं बल्कि क्रिकेट पसंद करने वाले हर इंसान के ज़हन पर। भारतीय क्रिकेट टीम को दादा की तरफ से मिला स्वभाव का यह हिस्सा भुलाया नहीं जा सकता है। 

नैटवेस्ट ट्रॉफ़ी के बाद भारतीय टीम कुछ ऐसी बदली कि पीछे मुड़ कर नहीं देखा। इसके बाद चाहे पाकिस्तान का दौरा रहा हो, इंग्लैंड का दौरा रहा हो या ऑस्ट्रेलिया का दौरा रहा हो, भारतीय क्रिकेट टीम दादा के कलेवर में ही नज़र आई। सौरव गांगुली ने भारतीय क्रिकेट टीम को जो दिया, 2007 का T-20 विश्व कप और 2011 का विश्व कप उसका ही नतीजा है। 

बेशक आज भारतीय टीम जितनी मज़बूत नज़र आती है, उसके पीछे तमाम लोगों का योगदान है। लेकिन दादा के हिस्से का संघर्ष सबसे पहले देखा और सुना जाएगा। आखिर ऐसा कप्तान शायद ही नज़र आए, जिसने गोरों की ज़मीन पर भारतीय टीम की टी-शर्ट लहराई हो। वाकई टाइगर दो ही तरह के होते हैं, पहले जंगल में और दूसरे 22 गज की पिच पर।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

हाँ, हम मंदिर के लिए लड़े… क्योंकि वहाँ लाउडस्पीकर से ऐलान कर भीड़ नहीं बुलाई जाती, पेट्रोल बम नहीं बाँधे जाते

हिंदुओं को तीन बातें याद रखनी चाहिए, और जो भी ये मंदिर-अस्पताल की घटिया बाइनरी दे, उसके मुँह पर मार फेंकनी चाहिए।

दिल्ली-महाराष्ट्र में लॉकडाउन: राहुल गाँधी ने एक बार फिर राज्यों की नाकामी के लिए मोदी सरकार को ठहराया जिम्मेदार

"प्रवासी एक बार फिर पलायन कर रहे हैं। ऐसे में केंद्र सरकार की जिम्मेदारी है कि उनके बैंक खातों में रुपए डाले। लेकिन कोरोना फैलाने के लिए जनता को दोष देने वाली सरकार क्या ऐसा जन सहायक कदम उठाएगी?"

‘मजदूरों की 2020 जैसी न हो दुर्दशा’: हाई कोर्ट ने दिल्ली सरकार को चेताया, CM केजरीवाल की पत्नी को कोरोना

दिल्ली में प्रवासियों मजदूरों को हुई पीड़ा पर हाई कोर्ट ने केजरीवाल सरकार को फटकार लगाई है। इस बीच सीएम ने पत्नी के संक्रमित होने के बाद खुद को क्वारंटाइन कर लिया है।

‘पूर्ण लॉकडाउन हल नहीं, जान के साथ आजीविका बचाने की भी जरुरत’: SC ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले पर लगाई रोक

इलाहाबाद कोर्ट के फैसले पर सुप्रीम कोर्ट ने आज रोक लगा दी। इस मामले में योगी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट का रुख करते हुए अपनी अपील में कहा था कि हाईकोर्ट को ऐसे फैसले लेने का अधिकार नहीं है।

आपके शहर में कब और कितना कहर बरपाएगा कोरोना, कब दम तोड़ेगी संक्रमण की दूसरी लहर: जानें सब कुछ

आप कहॉं रहते हैं? मुंबई, दिल्ली या चेन्नई में। या फिर बिहार, यूपी, झारखंड या किसी अन्य राज्य में। हर जगह का हाल और आने वाले कल का अनुमान।

क्या राजनीतिक हिंसा के दंश से बंगाल को मिलेगी मुक्ति, दशकों पुराना है विरोधियों की लाश गिराने का चलन

पश्चिम बंगाल में चुनाव समाप्ति की ओर बढ़ रहे हैं। इस दौरान हिंसा की कई घटनाएँ सामने आई है। क्या नतीजों के बाद दशकों पुराना राजनीतिक हिंसा का दौर थमेगा?

प्रचलित ख़बरें

‘वाइन की बोतल, पाजामा और मेरा शौहर सैफ’: करीना कपूर खान ने बताया बिस्तर पर उन्हें क्या-क्या चाहिए

करीना कपूर ने कहा है कि वे जब भी बिस्तर पर जाती हैं तो उन्हें 3 चीजें चाहिए होती हैं- पाजामा, वाइन की एक बोतल और शौहर सैफ अली खान।

‘छोटा सा लॉकडाउन, दिल्ली छोड़कर न जाएँ’: इधर केजरीवाल ने किया 26 अप्रैल तक कर्फ्यू का ऐलान, उधर ठेकों पर लगी कतार

केजरीवाल सरकार ने 26 अप्रैल की सुबह 5 बजे तक तक दिल्ली में लॉकडाउन की घोषणा की है। इस दौरान स्वास्थ्य सुविधाओं को दुरुस्त कर लेने का भरोसा दिलाया है।

नासिर ने बीड़ी सुलगाने के लिए माचिस जलाई, जलती तीली से लाइब्रेरी में आगः 3000 भगवद्गीता समेत 11 हजार पुस्तकें राख

कर्नाटक के मैसूर की एक लाइब्रेरी में आग लगने से 3000 भगवद्गीता समेत 11 हजार पुस्तकें राख हो गई थी। पुलिस ने सैयद नासिर को गिरफ्तार किया है।

‘सुअर के बच्चे BJP, सुअर के बच्चे CISF’: TMC नेता फिरहाद हाकिम ने समर्थकों को हिंसा के लिए उकसाया, Video वायरल

TMC नेता फिरहाद हाकिम का एक वीडियो सोशल मीडिया में वायरल है। इसमें वह बीजेपी और केंद्रीय सुरक्षा बलों को 'सुअर' बता रहे हैं।

‘मैं इसे किस करूँगी, हाथ लगा कर दिखा’: मास्क के लिए टोका तो पुलिस पर भड़की महिला, खुद को बताया SI की बेटी-UPSC टॉपर

महिला ने धमकी देते हुए कहा कि उसका बाप पुलिस में SI के पद पर है। साथ ही दिल्ली पुलिस को 'भिखमंगा' कह कर सम्बोधित किया।

‘F@#k Bhakts!… तुम्हारे पापा और अक्षय कुमार सुंदर सा मंदिर बनवा रहे हैं’: कोरोना पर घृणा की कॉमेडी, जानलेवा दवाई की काटी पर्ची

"Fuck Bhakts! इस परिस्थिति के लिए सीधे वही जिम्मेदार हैं। मैं अब भी देख रहा हूँ कि उनमें से अधिकतर अभी भी उनका (पीएम मोदी) बचाव कर रहे हैं।"
- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

292,985FansLike
82,213FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe