Saturday, July 13, 2024
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जमीन की तरह ही आसमान में भी इंटरनेट चूस लेने के लिए तैयार हैं भारतीय, हवाई जहाज में डाटा खपत करने वाली टॉप कौम होने की उम्मीद

IFC लीग में भारतीयों की एंट्री भले देर से हुई है, लेकिन ग्लोबल टेलीकॉम कंपनी वियासैट का मानना है कि वे जल्द ही जहाज में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वाले शीर्ष लोगों में शामिल होंगे।

भारत में इंटरनेट उपभोक्ताओं की संख्या बेहद तेजी से बढ़ रही है। उम्मीद जताई जा रही है कि 2028 तक इंटरनेट खपत के मामले में भारत दुनिया में सबसे आगे होगा। यही उम्मीद भारतीयों को लेकर इन-फ्लाइट कनेक्टिविटी (IFC) यानी हवाई जहाज के अंदर इंटनेट का इस्तेमाल करना, को लेकर भी है।

IFC लीग में भारतीयों की एंट्री भले देर से हुई है, लेकिन ग्लोबल टेलीकॉम कंपनी वियासैट (Viasat) का मानना है कि वे जल्द ही जहाज में इंटरनेट का इस्तेमाल करने वाले शीर्ष लोगों में शामिल होंगे। कंपनी का कहना है कि सैटेलाइट कम्युनिकेशन का बेहतरीन इस्तेमाल कर भारतीय हवा में भी जमीन की तरह ही इंटरनेट के सबसे बड़े उपभोक्ता बनने की राह पर हैं।

वियासैट के ग्लोबल प्रेसिडेंट गुरु गौरप्पन ने कहा है कि भारत में एयरलाइन कंपनियाँ आईएफसी में भारी उछाल को लेकर खासी तैयारियों में जुटी हैं। खासकर जब विमानों का बेड़ा मौजूदा संख्या 650 से जल्द ही बढ़ने वाला है। भारत की घरेलू विमानन कम्पनियाँ करीब 1100 नए विमानों की खरीद की तैयारी कर रही हैं।

गौरप्पन ने बताया है, “भारतीय एयरलाइंस में 2024 के आखिर तक हमारी आईएफसी (IFC) सर्विस शुरू होने की उम्मीद है। हम अगले साल अपने भारतीय एयरलाइन ग्राहकों के लिए ऐलान करेंगे।” उनके मुताबिक, उत्तरी अमेरिका में IFC यानी फ्लाइट के अंदर इंटरनेट लगभग 75 फीसदी, मध्य-पूर्व में 49 फीसदी और पूरे यूरोप में 35 फीसदी विमानों में इस्तेमाल होता है। यात्रियों के एयरलाइन्स के टिकट खरीदने के फैसले पर IFC की सर्विस का भी असर पड़ता है।

उन्होंने कहा कि एशिया पैसेफिक (एपीएसी) क्षेत्र में विमानों के बेड़े का आकार बढ़ेगा। इससे उड़ान के दौरान इंटरनेट की माँग बढ़ेगी। गौरप्पन के मुताबिक, “वैलोर कंसल्टेंसी के रिसर्च से पता चलता है कि उत्तरी अमेरिका में 4700 और पूरे यूरोप के 3300 विमान के मुकाबले भारत सहित एशिया प्रशांत पहले से ही 5300 विमानों के साथ 2032 तक आईएफसी का बड़ा बाजार बनने जा रहा है।”

माना जा रहा है कि एयर इंडिया, विस्तारा और इंडिगो सहित देश की सभी टॉप एयरलाइंस अगले साल से अपने बेड़े में इंटरनेट सर्विस देने के लिए टेक्नोलॉजी और कंटेंट कंपनियों से बात कर रही हैं। गौरतलब है कि वियासैट दुनिया की कुछ मशहूर एयरलाइनों में आईएफसी सर्विस देता है। इनमें डेल्टा, अमेरिकन एयरलाइंस, जेटब्लू, क्वांटास और ब्रिटिश एयरवेज, आयरलैंड की एयर लिंगस और स्पेन की इबेरिया और वुएलिंग चलाने वाला इंटरनेशनल एयरलाइंस ग्रुप भी शमिल हैं। वियासैट ने 2021 में 7.3 बिलियन डॉलर के सौदे में ब्रिटेन की सैटेलाइट कंपनी इनमारसैट का अधिग्रहण किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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