Thursday, May 6, 2021
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26 जनवरी ट्रैक्टर रैली हिंसा में 38 FIR दर्ज, अब तक 84 ‘दंगाई’ गिरफ्तार: दिल्ली पुलिस

गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली के अलग-अलग क्षेत्रों में किसान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच संघर्ष हुआ, जिसमें कई लोग घायल हुए और काफी जगह तोड़-फोड़ हुई, लेकिन सबसे बड़ा विवाद लाल किले पर फहराए गए झंडे और वहाँ हुई तोड़-फोड़ को लेकर हुआ है।

गणतंत्र दिवस (26 जनवरी) पर किसानों की ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा को लेकर अभी तक कुल 38 FIR दर्ज़ की गई हैं और 84 आरोपितों को गिरफ़्तार किया गया। यह जानकारी शनिवार (जनवरी 30, 2021) को दिल्ली पुलिस की ओर से दी गई। वहीं, हरियाणा सरकार ने 31 जनवरी शाम 5 बजे तक अंबाला, यमुनानगर, कुरुक्षेत्र, करनाल, कैथल, पानीपत, हिसार, जींद, रोहतक, भिवानी, चरखी दादरी, फतेहाबाद, रेवाड़ी, सोनीपत, पलवल, झज्जर और सिरसा में इंटरनेट सेवाओं को निलंबित कर दिया है।

बता दें कि गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली के अलग-अलग क्षेत्रों में किसान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच संघर्ष हुआ, जिसमें कई लोग घायल हुए और काफी जगह तोड़-फोड़ हुई, लेकिन सबसे बड़ा विवाद लाल किले पर फहराए गए झंडे और वहाँ हुई तोड़-फोड़ को लेकर हुआ है। लाल किला परिसर में हजारों प्रदर्शनकारियों ने घुसकर वहाँ मौजूद सामानों को तोड़ा और प्राचीर के पास एक धार्मिक झंडा फहरा दिया। इस दौरान झड़प में करीब 300 से अधिक पुलिसवाले घायल हो गए।

इस घटना की दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच जाँच कर रही है। कई टीमों को दोषियों की पहचान करने में लगाया गया है। फोर्स ने किले में हुई बर्बरता को ‘राष्ट्र-विरोधी कार्य’ करार दिया है। शुक्रवार को दिल्ली पुलिस ने एक अपील जारी कर लोगों से कहा था कि वे दिल्ली हिंसा के वीडियो-फ़ोटो आदि सबूत के तौर पर उनसे साझा कर सकते हैं। इसके लिए पुलिस ने मोबाइल नंबर और एड्रेस भी शेयर किया था।

इसके साथ ही खबर है कि दिल्ली पुलिस ने लाल किले पर धार्मिक झंडा फहराने के मामले में वांछित तरनतारन के 2 आरोपितों की तलाश में जालंधर में दबिश दी है। न्यूज़ एजेंसी ANI की रिपोर्ट के मुताबिक, जालंधर के डीसीपी का कहना है, “जानकारी मिली थी कि दिल्ली हिंसा में शामिल तरनतारन के दो युवक जालंधर में छिपे है। NIA और दिल्ली पुलिस की संयुक्त टीम ने छापा मारा। हालाँकि, दोनों इलाके में नहीं मौजूद मिले।”

बता दें कि लाल किले में हुई हिंसा और बर्बरता की घटना की जाँच के लिए एनकाउंटर स्पेशलिस्ट एसीपी ललित मोहन नेगी को नया इन्वेस्टिगेटिंग ऑफिसर नियुक्त किया गया है। इस घटना के कई वीडियो वायरल हुए थे, जिनमें सभी प्रदर्शनकारियों के हाथों में डंडे देखे जा सकते हैं। वहीं कई लोग घोड़े पर सवार देखे जा सकते हैं। इन वीडियोज में कहीं दंगाई पुलिस की गाड़ियों को तोड़फोड़ रहे हैं तो कहीं आक्रामक तरीके से ट्रैक्टर चलाते हुए दिखाई दे रहे हैं।

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ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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