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81 साल के सीनियर डॉक्टर पर हमला: असम पुलिस ने 2 को पकड़ा, 1 की तलाश जारी

"मजूली टी इस्टेट पर हुई घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं। मामले में हमले का केस रजिस्टर किया है। पड़ताल में हमें पता चला कि 3 लोग इस हमले में मुख्य रूप से शामिल थे। इनमें से दो को गिरफ्तार किया जा चुका है। आगे हमारी जाँच चल रही है। तीसरे व्यक्ति को भी जल्द पकड़ा जाएगा।"

असम के बिस्वनाथ जिले में राज्य पुलिस ने एक डॉक्टर पर हमला करने वाले 2 आरोपितों को गिरफ्तार किया है। 81 वर्षीय डॉ बसंत गोस्वामी पर 9 जून 2021 को हमला हुआ था। जिले में कोविड प्रतिबंधों से नाराज भीड़ ने उन्हें जमीन पर गिराकर मारा था। बाद में उनकी शिकायत पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने केस में 3 लोगों को मुख्य आरोपित बनाया। इनमें 2 पकड़ लिए गए हैं। 1 की तलाश जारी है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, सीनियर मेडिकल ऑफिसर डॉ गोस्वामी को मजूलीगढ़ टी इस्टेट में भीड़ ने 9 जून को निशाना बनाया था। घटना के समय वह अपनी शाम की वॉक से लौट रहे थे। तभी, भीड़ ने उन पर हमला बोला। इस बीच उनकी नौकर ने किसी तरह उनकी जान बचाई। फिलहाल उनका इलाज बिस्वनाथ के ही अस्पताल में हो रहा है।

डॉक्टर बताते हैं,

“मैंने टी गार्डन अस्पताल में अपनी ड्यूटी समाप्त की और घर वापस आ गया। इसके बाद मैं अपने घर के सामने अपनी शाम की सैर खत्म कर रहा था और घर के अंदर जा रहा था कि अचानक कुछ लोग गेट में घुसे और मुझे जमीन पर धक्का देना शुरू कर दिया। मैं उन्हें यह कहते हुए सुन सकता था, ‘यही वो है’। लेकिन मुझे कुछ समझ में नहीं आया। इस बीच मेरी घरेलू सहायिका दौड़ती हुई आई और मुझे अंदर लेकर गई । इस तरह मैं बच पाया।”

पीड़ित डॉक्टर ने बताया कि टी इस्टेट के कुछ लोग सरकार द्वारा लगाए गए COVID-19 प्रतिबंधों से नाखुश हैं क्योंकि वे अपनी दुकानें नहीं खोल पा रहे हैं। उन्हें लगता है कि टी गार्डन के डॉक्टरों ने प्रबंधन को इस तरह के प्रतिबंध लगाने की सलाह दी थी। ऐसे में जब 9 जून को उन लोगों ने उन्हें (डॉक्टर) को सैर से लौटते देखा तो अचानक उन पर हमला कर दिया। इससे पहले वह प्रतिबंधों की बाबत अस्पताल के प्रबंधन से मिलने गए थे।

इस घटना के बाद डॉ गोस्वामी ने बिस्वनाथ शरीयाली पुलिस थाने में अपनी शिकायत लिखाई है। आरोपितों पर आईपीसी की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज है। शुक्रवार को बिस्वनाथ जिले के एसपी रिपुल दास ने दो लोगों को गिरफ्तार किया। इनकी पहचान अजीत और सुजीत तंती के तौर पर हुई है।

दास का कहना है, “मजूली टी इस्टेट पर हुई घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण हैं। मामले में हमले का केस रजिस्टर किया है। पड़ताल में हमें पता चला कि 3 लोग इस हमले में मुख्य रूप से शामिल थे। इनमें से दो को गिरफ्तार किया जा चुका है। आगे हमारी जाँच चल रही है। तीसरे व्यक्ति को भी जल्द पकड़ा जाएगा।”

गौरतलब है कि डॉक्टरों पर हमले का यह पहला मामला नहीं है। इससे पूर्व असम के होजाइ जिले में स्थित एक कोविड केयर सेंटर में एक मरीज की मौत के बाद उसके परिजनों ने डॉक्टर के साथ मारपीट की थी। मंगलवार (जून 1, 2021) को हुई इस घटना के मामले में अब तक 24 आरोपितों को गिरफ्तार किया गया था। इनमें मोहम्मद कमरुद्दीन, मोहम्मद जैनलुद्दीन, रेहनुद्दीन, सईदुल आलम, रहीमुद्दीन, राजुल इस्लाम, तैयबर रहमान और साहिल इस्लाम शामिल हैं। पीड़ित डॉक्टर सेजु कुमार सेनापति उडाली कोविड केयर सेंटर में तैनात थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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