Homeदेश-समाजआसिफ ने लड़की को प्रेमजाल में फँसाया, कार में रेप करने के बाद जंगल...

आसिफ ने लड़की को प्रेमजाल में फँसाया, कार में रेप करने के बाद जंगल के पास छोड़कर फरार

22 वर्षीय पीड़िता नोएडा के एक कॉल सेंटर में काम करती है और गाजियाबाद मसूरी की रहने वाली है। 5 माह पहले वह अपनी दादी के मायके बुलंदशहर के जहाँगीराबाद गई थी। वहाँ उसकी पहचान पड़ोस में रहने वाले आसिफ से हुई थी।

लड़की को प्यार के जाल में फँसाकर उसकी इज्जत लूटने की एक और घटना सामने आई है। मामला गाजियाबाद के लालकुआँ का है। आरोपित युवक ने लड़की को मिलने के बहाने बुलाया। फिर, कार में उसके साथ बलात्कार किया। बलात्कार के बाद पीड़िता को सुनसान जगह पर छोड़ फरार हो गया। आरोपित की पहचान आसिफ के तौर पर की गई है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, 22 वर्षीय पीड़िता नोएडा के एक कॉल सेंटर में काम करती है और गाजियाबाद मसूरी की रहने वाली है। 5 माह पहले वह अपनी दादी के मायके बुलंदशहर के जहाँगीराबाद गई थी। वहाँ उसकी पहचान पड़ोस में रहने वाले आसिफ से हुई। आसिफ शाहबेरी में फर्नीचर का काम करता था। धीरे-धीरे दोनों में बातें होनें लगीं और मामला शारीरिक संबंध तक पहुँच गया।

संबंधित खबर

लड़की का आरोप है कि आसिफ ने शादी का झाँसा दे उसके साथ संबंध बनाए। जब वह गर्भवती हो गई तो उसने उसका गर्भपात करवा दिया। इसके बाद से ही उसने आसिफ से दूरी बनानी शुरू कर दी।

बीते शनिवार (नवंबर 23, 2019) को आसिफ ने उसे गाजियाबाद के लालकुआँ बातचीत करने के लिए बुलाया। इसी दौरान कार में उसके साथ रेप किया। लड़की ने विरोध किया तो उसे दादरी बाइपास से सटे जंगल के पास छोड़कर फरार हो गया।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पुलिस मामले की तफ्तीश कर रही है। दादरी के कोतवाली इंचार्ज दिनेश सिंह ने बताया कि जल्द ही आरोपित गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

बता दें इस मामले के अलावा कल गुड़गाव और मुजफ्फनगर से भी रेप के मामले आए हैं। गुड़गाँव में जहाँ 22 साल के बिंदु नामक युवक ने 12 साल की लड़की का बलात्कार कर उसे मुँह खोलने पर जान से मारने की धमकी दी। तो वहीं, यूपी के मुजफ्फरनगर जिले में 26 साल के एक युवक ने 24 साल की युवती का अपहरण कर उसके साथ चलती कार में बलात्कार किया। इस दौरान आरोपित सुबोध के साथियों ने पूरी वारदात का वीडियो भी बनाया। अपहरण के कुछ घंटों बाद लड़की को उसके कॉलेज के बाहर छोड़ते हुए आरोपितों ने घटना के बारे में किसी को बताने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

UP में तेजी से बढ़ रही है ‘गो-इकोनॉमी’, दूध के साथ-साथ गोमूत्र भी बन रहा है रोजगार का साधन: शैम्पू, साबुन और ऑर्गेनिक फर्टिलाइजर...

सवाल उनसे है जो गाय, गोबर और गौमूत्र का नाम सुनते ही मजाक बनाने लगते हैं- जब यही व्यवस्था किसान का खर्च घटाकर उसकी आय बढ़ा रही है और तो उपहास किस बात का है?

मुस्लिमों को रिझाने में 2017 में औंधे मुँह गिरे थे अखिलेश, आरक्षण का वादा किया लेकिन घोषणापत्र खाली रहा: 2027 के चुनावी रण में...

मुस्लिम आरक्षण पर अखिलेश बयानों से लेकर मुलायम सिंह यादव की मुस्लिम राजनीति अपने पुराने ढर्रे पर रही है। हालाँकि अब यूपी में वोटर्स अपनी प्रथमिकताएँ बदल रहे हैं।
- विज्ञापन -